उदित वाणी जमशेदपुर: साकची थाना पुलिस ने वाहन चोरों के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने चोरी की पांच मोटरसाइकिलों के साथ दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान चेपा पुल निवासी शमशाद आलम और अरुण मुखर्जी के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों की निशानदेही पर विभिन्न स्थानों से चोरी की गई 5 बाइक बरामद करने में कामयाबी हासिल की है।
20 मई को हुई चोरी से खुला राज
चोरी के इस पूरे नेटवर्क का खुलासा करते हुए सिटी एसपी ललित मिना ने बताया कि बीते 20 मई को साकची इलाके से एक मोटरसाइकिल की चोरी हुई थी। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने तफ्तीश शुरू की और सबसे पहले शमशाद आलम को हिरासत में लिया। शमशाद से कड़ाई से की गई पूछताछ के बाद इस गिरोह के दूसरे सदस्य अरुण मुखर्जी का नाम सामने आया, जिसके बाद पुलिस अरुण तक पहुंचने में सफल रही।
ऐसे काम करता था यह गिरोह
पुलिस पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपना गुनाह कबूल करते हुए चोरी के तौर-तरीकों का खुलासा किया:
शमशाद का काम: शमशाद आलम शहर के अलग-अलग इलाकों से सक्रिय रूप से बाइक चोरी की वारदातों को अंजाम देता था और चोरी की गई गाड़ियां अरुण को सौंप देता था।
अरुण का काम: अरुण मुखर्जी का मुख्य काम उन चोरी की मोटरसाइकिलों के लिए ग्राहक ढूंढना और उन्हें बाजार में बेचना था।
मुनाफे का बंटवारा: बाइक को बेचने से जो भी रकम मिलती थी, शमशाद और अरुण उसे आपस में आधा-आधा या तय हिस्सेदारी के अनुसार बांट लेते थे।
आरोपी भेजे गए जेल
साकची थाना पुलिस ने चोरी की सभी 5 बाइकों को जब्त कर लिया है और कानूनी कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद दोनों आरोपियों, शमशाद आलम और अरुण मुखर्जी को न्यायिक हिरासत में (जेल) भेज दिया है। पुलिस अब इनके पुराने आपराधिक इतिहास को भी खंगाल रही है।


