उदित वाणी, धनबाद : बॉलीवुड की सुपरहिट फिल्म ‘सिंघम’ में बाजीराव सिंघम ने भ्रष्ट राजनेता जयकांत शिकरे को धूल चटाई थी, लेकिन धनबाद में एक ‘फर्जी जयकांत’ ने असल जिंदगी में पुलिस को चुनौती देने की कोशिश की और जेल जा पहुँचा. बरवाअड्डा थाना क्षेत्र में एक व्यापारी से 1 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने वाले इस अपराधी ने कुख्यात गैंगस्टर प्रिंस खान और उसके गुर्गे सैफी के नाम का सहारा लिया था.
रिमांड पर चल रहे गैंगस्टर के नाम का दुरुपयोग
मामले का खुलासा तब हुआ जब पीड़ित व्यापारी ने बरवाअड्डा थाने में शिकायत दर्ज कराई. पुलिस को जांच के दौरान शक हुआ क्योंकि प्रिंस खान का खास सहयोगी सैफी पिछले 6 दिनों से पुलिस रिमांड (Safety Custody) पर था. ऐसे में उसके नाम से धमकी भरा मैसेज—”रंगदारी का पैसा न पहुंचा तो मरने को तैयार रहो”—भेजने वाला कोई और था. SSP प्रभात कुमार के नेतृत्व में पुलिस ने साइबर फॉरेंसिक और लोकल इंटेलिजेंस की मदद से तहकीकात तेज की.
पुलिस की तत्परता और गिरफ्तारी
कुछ ही घंटों की मशक्कत के बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी सहित 4 गुर्गों को ट्रैक कर गिरफ्तार कर लिया. SP ऋत्विक श्रीवास्तव ने बताया कि यह ‘फर्जी जयकांत शिकरे’ स्थानीय स्तर का अपराधी है, जो फिल्मों से प्रेरित होकर गैंगस्टर बनने का सपना देख रहा था. आरोपी पर पहले भी डकैती और चोरी जैसे कई मामले दर्ज हैं और वह कई बार जेल जा चुका है. पुलिस ने उसके पास से रंगदारी में इस्तेमाल मोबाइल फोन और धमकी के सबूत बरामद किए हैं.
कानूनी कार्रवाई और पुलिस की चेतावनी
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ IPC की धारा 384 (रंगदारी), 506 (आपराधिक धमकी) और IT एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है. पुलिस का स्पष्ट संदेश है कि प्रिंस खान गैंग या किसी अन्य के नाम का दुरुपयोग कर शहर का माहौल बिगाड़ने वालों को बख्शा नहीं जाएगा. धनबाद पुलिस अब इस गिरोह के अन्य संपर्कों और गतिविधियों की जांच कर रही है.


