
उदित वाणी, रांची: झारखंड हाईकोर्ट में पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा के आय से अधिक संपत्ति मामले में सीबीआई की क्रिमिनल रिवीजन पर सुनवाई हुई. सीबीआई ने हाईकोर्ट में क्रिमिनल रिविजन दायर करके बिशेष अदालत में आय से अधिक संपत्ति मामले में आरोपी पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा और प्रमोद कुमार उर्फ विनोद कुमार एवं संजय कुमार चैधरी के खिलाफ अलग-अलग ट्रायल चलाने का आदेश देने का आग्रह किया है.
सुनवाई के बाद मामले में झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस गौतम कुमार चौधरी की अदालत द्वारा सीबीआई को मधु कोड़ा और प्रमोद कुमार उर्फ विनोद कुमार एवं संजय चैधरी को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया गया तथा अदालत द्वारा मामले की सुनवाई के लिए अगली तिथि 25 अप्रैल निर्धारित कर दी गई है.
गौरतलब है कि सीबीआई की बिशेष अदालत ने मधु कोड़ा से जुड़े आरसी 5/2010 में तीनों आरोपियों मधु कोड़ा, प्रमोद कुमार उर्फ विनोद कुमार एवं संजय कुमार चौधरी के केस की ट्रायल अलग-अलग करने के आग्रह को नामंजूर कर दिया है.
इसके बाद बिशेष अदालत के आदेश को सीबीआई द्वारा झारखंड हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है. सीबीआई द्वारा अपनी दलील में कहा गया है कि तीनों आरोपियों के मामले में जांच का दायरा अलग-अलग है. इनके खिलाफ बिशेष अदालत में ट्रायल एक साथ करने के बजाय अलग-अलग किया जाना चाहिए.
पूर्व स्वास्थ्य सचिव डा प्रदीप कुमार के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अगली सुनवाई 11 अप्रैल को
इधर मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूर्व स्वास्थ्य सचिव डा प्रदीप कुमार व उनके भाई राजेंद्र कुमार समेत तीन आरोपियों की क्रिमिनल रिवीजन पर भी झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई.
जिसमें प्रार्थी द्वारा अदालत से समय देने का आग्रह किया गया है. अदालत ने प्रार्थी के आग्रह को मंजूर करते हुए मामले की अगली सुनवाई की तिथि 11 अप्रैल निर्धारित की है. दवा घोटाला मामले में आरोपी डा प्रदीप कुमार, उनके भाई राजेंद्र कुमार व व्यवसायी धर्मेंद्र कुमार धीरज की डिस्चार्ज पिटिशन को ईडी की बिशेष अदालत द्वारा बर्ष 2019 में ही खारिज कर दी गई है.
इसके बाद प्रार्थी द्वारा झारखंड हाईकोर्ट में बिशेष अदालत के आदेश को चुनौती दी गई है. प्रार्थी की ओर से कहा गया है कि उनके खिलाफ मनी लांड्रिंग का मामला नहीं बनता है.
दवा एवं अन्य सामानों की खरीद के लिए उन्होंने सिर्फ स्वीकृति प्रदान की थी और पैसे का कोई लेनदेन का मामला नहीं बनता है. ज्ञात हो कि मामले में सीबीआई द्वारा प्रदीप कुमार एवं अन्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है. जिसके आधार पर ईडी ने भी इनके खिलाफ ईसीआईआर 2/2018 दर्ज किया है.

