
उदित वाणी, जमशेदपुर : बिहार में अवैध हथियारों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत एसटीएफ और स्थानीय पुलिस को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है. नालंदा जिले के लहेरी थाना क्षेत्र अंतर्गत सोहन कुआं मोहल्ले में संयुक्त छापेमारी कर पुलिस ने हथियार तस्करी से जुड़े एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है. इस कार्रवाई में पांच हथियार तस्करों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें जमशेदपुर जिले के तीन दोस्त भी शामिल हैं. मौके से भारी मात्रा में अत्याधुनिक अवैध हथियार और गोला-बारूद बरामद होने से पुलिस महकमे में भी हलचल मच गई है.
पुलिस ने आरोपियों के पास से ‘मेड इन चाइना’ लिखी पांच पिस्टल, एके-47 राइफल के 153 जिंदा कारतूस, छह मैगजीन और एक स्कॉर्पियो वाहन जब्त किया है. बरामद हथियारों की संख्या और गुणवत्ता को देखकर पुलिस अधिकारी भी हैरान हैं. प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि यह खेप किसी बड़े आपराधिक नेटवर्क के लिए लाई गई थी.

गिरफ्तार तस्करों की पहचान नगर थाना क्षेत्र के बारादरी निवासी परवेज, मुंगेर निवासी सौरभ झा, तथा जमशेदपुर के मानगो निवासी महबूब उर्फ टिंकू और साकची निवासी जाहिद हुसैन के रूप में हुई है. पुलिस के अनुसार जमशेदपुर के तीनों आरोपी आपस में करीबी दोस्त हैं और लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहे हैं. इनके खिलाफ झारखंड और बिहार के विभिन्न थानों में आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है.
लहेरी थाना प्रभारी रंजीत कुमार रजक ने बताया कि एसटीएफ को गुप्त सूचना मिली थी कि सोहन कुआं मोहल्ले में त्रिभूवन प्रसाद के मकान के एक फ्लैट में हथियारों की बड़ी खेप की डिलीवरी होने वाली है. सूचना में यह भी उल्लेख था कि झारखंड से कुछ तस्कर हथियार लेने वहां पहुंचने वाले हैं. सूचना के सत्यापन के बाद एसटीएफ ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से पूरी रणनीति के साथ छापेमारी की.
जैसे ही सभी तस्कर फ्लैट में एकत्र हुए, पुलिस टीम ने घेराबंदी कर पांचों को रंगे हाथों दबोच लिया. फिलहाल पुलिस इस गिरोह के नेटवर्क, हथियारों की सप्लाई चेन और इनके संपर्क में रहे अन्य अपराधियों की तलाश में जुट गई है. अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के दौरान कई और बड़े खुलासे होने की संभावना है.

