उदित वाणी, सरायकेला: सरायकेला-खरसावां जिले के उपायुक्त नितिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में आज समाहरणालय सभागार में राजस्व एवं भू-अर्जन विभाग की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक संपन्न हुई. बैठक में जमीन से जुड़े मामलों के निष्पादन में हो रही देरी पर उपायुक्त ने कड़ी नाराजगी जताई और अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से कार्य पूरा करने के निर्देश दिए.
आवेदन निरस्त करने पर डीसी की सख्त हिदायत
बैठक के दौरान उपायुक्त ने म्यूटेशन (दाखिल-खारिज), सीमांकन, सक्सेशन और लगान रसीद जैसे मामलों की समीक्षा की. उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि:
किसी भी आवेदन को बिना वैध कारण के निरस्त (Reject) न किया जाए.
यदि आवेदन रिजेक्ट होता है, तो उसका कारण स्पष्ट रूप से पोर्टल पर अंकित होना चाहिए.
रिजेक्शन की सूचना लाभुक को दी जाए ताकि वह सुधार कर दोबारा आवेदन कर सके.
मुआवजा भुगतान और विकास योजनाओं पर फोकस
जिले में चल रही 30 प्रमुख परियोजनाओं के लिए अधिग्रहित भूमि के मुआवजा भुगतान की भी समीक्षा की गई. उपायुक्त ने NH-32, NH-33 और NH-220 के चौड़ीकरण में आ रही बाधाओं को दूर करने और रैयतों से समन्वय स्थापित कर लंबित मुआवजा राशि का शीघ्र भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.
प्रमाण पत्र निर्गमन और पीएम सम्मान निधि
उपायुक्त ने छात्र-छात्राओं और आम लोगों के लिए आय, जाति और आवासीय प्रमाण पत्र समय पर निर्गत करने पर विशेष बल दिया. इसके साथ ही पीएम सम्मान निधि योजना के तहत शत-प्रतिशत ई-केवाईसी और लैंड सीडिंग का कार्य पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया.
अधिकारियों की उपस्थिति
बैठक में अपर उपायुक्त जयवर्धन कुमार, जिला परिवहन पदाधिकारी गिरिजा शंकर महतो, अनुमंडल पदाधिकारी (चांडिल) विकास राय, भूमि सुधार उप समाहर्ता (सरायकेला) निवेदिता राय, जिला खनन पदाधिकारी सहित सभी अंचल अधिकारी और संबंधित विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे.


