
उदित वाणी, जमशेदपुर: फाइटर्स बैच की पासिंग आउट परेड आयोजित की, जो समावेशिता और विविधता की दिशा में एक ऐतिहासिक उपलब्धि है. इस ऐतिहासिक अवसर पर चाणक्य चौधरी, वाइस प्रेसीडेंट (कॉर्पोरेटसर्विसेज), टाटा स्टील, अत्रेयी सान्याल, वाइस प्रेसीडेंट (ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट), संजीव कुमार चौधरी, प्रेसीडेंट, टाटा वर्कर्स यूनियनऔर जया सिंह पांडा, चीफ लर्निंग एंड डेवलपमेंट व चीफ डाइवर्सिटी ऑफिसर ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई. कार्यक्रम में टाटा स्टील केचीफ सिक्योरिटी एंड ब्रांड प्रोटेक्शन अरविंद कुमार सिन्हा ने अन्य गणमान्य अतिथियों व फायर फाइटर्स के परिजनों के साथ मिलकर उनका स्वागत किया.
फायर फाइटिंग में आधुनिक तकनीक पर जोर
चाणक्य चौधरी ने महिला फायर-फाइटर्स का हौसला बढ़ाने और इस खास मौके पर शामिल होने के लिए परिवार के सदस्यों का आभार व्यक्त किया. उन्होंने फायर फाइटिंग और रेस्क्यू ऑपरेशंस में आधुनिक तकनीकों के प्रभावी उपयोग पर जोर देते हुए कहा कि इन उपकरणों की कार्यक्षमता सुनिश्चित करने के लिए नियमित मॉक ड्रिल आवश्यक है. अत्रेयी सान्याल ने महिला फायर-फाइटर्स को कार्य और व्यक्तिगत जीवन में संतुलन बनाए रखने की सलाह दी. उन्होंने परेड के दौरान उनके अनुशासन, समर्पण और उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना की.
फ्लेम्स ऑफ चेंज
अरविंद कुमार सिन्हा ने ‘फ्लेम्स ऑफ चेंज’ पहल के महत्व को समझाते हुए बताया कि यह टाटा स्टील की उस प्रतिबद्धता का प्रतीक है, जो पारंपरिक रूप से पुरुष प्रधान फायर सर्विसेज में सांस्कृतिक बदलाव लाने के लिए उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है. उन्होंने दर्शकों को जानकारी दी कि इन महिला फायर-फाइटर्स को जमशेदपुर स्थित फायर एंड सिक्योरिटी ट्रेनिंग सेंटर में गहन प्रशिक्षण दिया गया, जिसके बाद उन्हें एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया कोलकाता के सहयोग से 16 सप्ताह का विशेष सर्टिफिकेशन कोर्स भी कराया गया.
विविधता पर जोर
जया सिंह पांडा ने टाटा स्टील में विविधता के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह संगठन की समावेशी संस्कृति को और सशक्त बनाता है. उन्होंने महिला फायर-फाइटर्स के समर्पण और उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना की. यूनियन अध्यक्ष संजीव कुमार चौधरी ने महिला फायर-फाइटर्स के उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना की और समुदायों के प्रति फायर सर्विसेज द्वारा दी जाने वाली सेवाओं की प्रशंसा की.कार्यक्रम के दौरान सर्वश्रेष्ठ और द्वितीय सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षुओं को सम्मानित किया गया. साथ ही इन-हाउस प्रशिक्षण और ओरिएंटेशन में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले प्रशिक्षकों को भी विशेष रूप से सम्मानित किया गया.

