
उदित वाणी, हजारीबाग : राज्य की सबसे सुरक्षित मानी जाने वाली हाई सिक्योरिटी लोकनायक जयप्रकाश नारायण केंद्रीय कारा हजारीबाग से तीन कैदी फरार हो गए हैं. तीनों कैदी धनबाद जिले के बताए जा रहे हैं. जेल अधीक्षक चंद्रशेखर सुमन ने घटना की पुष्टि की है, हालांकि यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि फरार कैदी सजा काट रहे थे या विचाराधीन थे. घटना के बाद से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है.
सूत्रों के अनुसार कैदी जेल के चार नंबर गुमटी से कपड़े के टुकड़ों से बनी रस्सी के सहारे भाग निकले. यह रस्सी जेल के पिछले हिस्से में अब भी लटकी देखी गई है. बताया जा रहा है कि कैदियों ने अंदर से ही रस्सी बाहर फेंकी, जो सुरक्षा तारों में फंस गई थी. उसी के जरिए उन्होंने दीवार पार की. प्रारंभिक जांच से पता चला है कि घटना सोमवार की रात करीब 1 से 2 बजे के बीच हुई, जब तीनों शौचालय जाने के बहाने बाहर निकले और खिड़की से भाग निकले.
जेल की बाहरी फेंसिंग भी टूटी हुई पाई गई है, जो पहले से क्षतिग्रस्त बताई जा रही थी. फिलहाल जेल परिसर में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है. मुलाक़ातियों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है और सभी कैदियों को वार्डों में बंद कर दिया गया है. घटना की जांच के लिए एसडीओ, एसडीपीओ समेत जिले के वरीय अधिकारी जेल परिसर में डेरा डाले हुए हैं.
हजारीबाग सेंट्रल जेल की सुरक्षा व्यवस्था को हाल के महीनों में मजबूत किया गया था. इसके बावजूद कैदियों का इस तरह फरार होना जेल प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है. इससे पहले भी सुरक्षा में लापरवाही बरते जाने पर जेल आईजी ने 12 सुरक्षा कर्मियों को निलंबित किया था.
लोकनायक जयप्रकाश नारायण केंद्रीय कारा राज्य का हाई सिक्योरिटी कारागार है, जहां नक्सलियों, कुख्यात अपराधियों और कई हाई प्रोफाइल कैदियों को रखा जाता है. यहां पांच स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था है. ऐसे में तीन कैदियों का भाग जाना न केवल चौंकाने वाला है, बल्कि सुरक्षा तंत्र पर भी गंभीर प्रश्न खड़े करता है.
गौरतलब है कि यह वही ऐतिहासिक जेल है, जहां से स्वतंत्रता सेनानी लोकनायक जयप्रकाश नारायण अंग्रेजों की गिरफ्त से दीपावली की रात फरार हुए थे. बाद में इसी घटना की स्मृति में जेल का नाम उनके नाम पर रखा गया.
जेल अधीक्षक चंद्रशेखर सुमन ने बताया कि तीन कैदियों के फरार होने की पुष्टि हो चुकी है. मामले की विस्तृत जांच की जा रही है और रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी.

