
उदित वाणी, जमशेदपुर : जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय की नई कुलपति प्रो. इला कुमार ने सोमवार को विश्वविद्यालय में औपचारिक रूप से अपना योगदान दिया. विश्वविद्यालय परिसर पहुंचने पर उनका स्वागत किया गया.
स्वागत में छात्राओं ने पारंपरिक नृत्य की प्रस्तुति दी, वहीं एनएसएस की स्वयंसेविकाओं ने अनुशासित ‘क्लैपिंग’ के माध्यम से नए नेतृत्व का अभिनंदन किया. छात्र कल्याण अधिष्ठाता डॉ. किश्वर आरा ने पुष्प गुच्छ भेंट कर नई कुलपति का स्वागत किया. इस अवसर पर टीचर्स एसोसिएशन द्वारा एक विशेष समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें निवर्तमान कुलपति प्रो. अंजिला गुप्ता को विदाई दी गई और प्रो. इला कुमार का स्वागत किया गया.

अपने अध्यक्षीय संबोधन में प्रो. इला कुमार ने स्पष्ट और विजनरी दृष्टिकोण साझा किया. उन्होंने पूर्ववर्ती कार्यों की निरंतरता बनाए रखने का आश्वासन देते हुए कहा कि उनकी प्राथमिकता विश्वविद्यालय को तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों पर ले जाना है. उन्होंने स्वीकार किया कि स्टाफ की कमी एक चुनौती है, परंतु उन्होंने विश्वास जताया कि एक सकारात्मक माहौल और सामूहिक प्रयास से किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है. वहीं, संस्थान की संस्थापक कुलपति प्रो. अंजिला गुप्ता ने अपने संबोधन में भावुक नजर आईं. उन्होंने विश्वविद्यालय को एक बढ़ते हुए बच्चे की उपमा देते हुए कहा कि चुनौतीपूर्ण समय में एक बेहतर टीम के साथ काम करना उनके लिए सुखद अनुभव रहा और यहां के कर्मियों व छात्राओं से उनका एक गहरा भावनात्मक जुड़ाव हमेशा बना रहेगा.
कार्यक्रम के दौरान कुलसचिव डॉ. सलोमी कुजूर, परीक्षा नियंत्रक डॉ. रमा सुब्रह्मण्यन और वित्त पदाधिकारी डॉ. जावेद अहमद ने भी अपने विचार साझा किए. सभी अधिकारियों ने पूर्व कुलपति के कार्यकाल के अनुभवों को याद किया और नई कुलपति को विश्वविद्यालय के विकास हेतु हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया. समारोह में डॉ. सनातन दीप की गजल प्रस्तुति ने सांस्कृतिक समां बांध दिया. इस अवसर पर पूर्व कुलसचिव राजेंद्र जायसवाल सहित डॉ. दीपा शरण, डॉ. अन्नपूर्णा झा, डॉ. रत्ना मित्रा, डॉ. रिजवाना परवीन और अन्य वरिष्ठ संकाय सदस्य उपस्थित रहे, जिन्होंने इस नेतृत्व परिवर्तन को विश्वविद्यालय की प्रगति के लिए एक शुभ संकेत बताया.

