
उदित वाणी,जमशेदपुर: जमशेदपुर में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) की जांच के दौरान फर्जी और डुप्लीकेट आधार कार्ड पाए जाने के बाद बड़ा सफाई अभियान चलाया गया है। कई लाभुकों के नाम राशन कार्ड सूची से हटाए गए क्योंकि उनके आधार नंबर बिहार और पश्चिम बंगाल जैसे अन्य राज्यों में भी जुड़े हुए पाए गए।
इस अभियान के तहत, अलग-अलग क्षेत्रों में एक ही आधार नंबर से बने राशन कार्ड रद्द किए गए। झारखंड में अब तक 2.43 लाख राशन कार्ड फर्जी या अयोग्य पाए जाने के कारण रद्द किए जा चुके हैं। इनमें से वास्तविक लाभुकों को नए कार्ड जारी किए गए हैं।
यह सत्यापन अभियान केंद्र सरकार के निर्देश पर आधार सीडिंग और ऑथेंटिकेशन के तहत चलाया गया, ताकि पीडीएस प्रणाली में पारदर्शिता बढ़े और सरकारी राशन के दुरुपयोग को रोका जा सके। फर्जी और अयोग्य राशन कार्ड बायोमेट्रिक विसंगतियों, मृत व्यक्तियों के नाम सूची में होने और एक ही व्यक्ति के कई कार्ड होने के आधार पर पहचाने गए।
विभागीय सूत्रों के अनुसार, कई मृत व्यक्तियों के नाम अब भी राशन कार्ड सूची में बने हुए थे, जबकि अन्य कार्ड फर्जी या डुप्लीकेट आधार से जुड़े पाए गए। केंद्र सरकार के निर्देश पर राज्य सरकार ने अपात्र लाभुकों को हटाने के लिए यह बड़ा अभियान चलाया।
जिन लाभुकों के नाम हटाए गए हैं, उन्हें शिकायत करने और अपना मामला सही कराने की अनुमति भी दी गई है। पूरे राज्य में कुल 2,54,887 संदिग्ध राशन कार्ड की जांच की गई, जिनमें से केवल 11,479 कार्ड ही वैध पाए गए और सूची में बनाए गए।
पूर्वी सिंहभूम (जमशेदपुर) का डेटा:
रद्द किए गए राशन कार्ड: 22,689
सत्यापित और सूची में बनाए गए पात्र लाभुक: 286

