उदित वाणी, बोकारो : बोकारो कोषागार घोटाले में एक और बड़ा खुलासा सामने आया है, जिसमें अवैध निकासी की राशि अब 6 करोड़ रुपये के पार पहुंच गई है. बोकारो जिला प्रशासन ने इस गंभीर मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत कार्रवाई की बात कही है.
बोकारो समाहरणालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में उपायुक्त अजय नाथ झा ने बताया कि कोषागार से पुलिस विभाग के एक लेखापाल द्वारा अवैध निकासी का मामला वर्ष 2016 से जांच के अधीन है. पहले इस घोटाले की राशि 4 करोड़ 29 लाख 71 हजार रुपये आंकी गई थी, लेकिन अब जांच में इसके 6 करोड़ रुपये से अधिक होने के संकेत मिले हैं.
जांच में कई नाम आए सामने
प्रारंभिक जांच में राम नरेश सिंह, उपेंद्र सिंह और एस कुमार समेत कई अन्य लोगों के नाम सामने आए हैं, जिनके नाम पर फर्जी निकासी की गई. प्रशासन का मानना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ इस घोटाले में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं.
चार सदस्यीय जांच टीम गठित
मामले की गंभीरता को देखते हुए उप विकास आयुक्त की अध्यक्षता में चार सदस्यीय जांच टीम का गठन किया गया है. इसके साथ ही राज्य स्तर पर भी इस घोटाले की अलग से जांच जारी है.
उपायुक्त का सख्त संदेश
उपायुक्त अजय नाथ झा ने कहा कि कोषागार से अवैध निकासी का मामला बेहद गंभीर है और इसे ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत लिया गया है. जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.
जिला प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि जांच पूरी होने के बाद सभी तथ्यों को सार्वजनिक किया जाएगा और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा.


