उदित वाणी, सरायकेला : समाहरणालय स्थित सभागार में उपायुक्त नीतिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में कृषि, पशुपालन, उद्यान, सहकारिता, मत्स्य एवं अन्य संबंधित विभागों की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए किसानों की आय वृद्धि एवं आजीविका संवर्धन को केंद्र में रखकर कार्य करने पर बल दिया गया।
समीक्षा के क्रम में उपायुक्त द्वारा निर्देशित किया गया कि किसानों की आय वृद्धि हेतु विभागीय समन्वय के साथ दीर्घकालिक कार्ययोजना (रोडमैप) तैयार कर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। पूर्व में चिन्हित क्लस्टरों (LAMPS) में आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा योजनाओं को प्रभावी रूप से लागू करने के निर्देश दिए गए।
पशुधन वितरण और मेगा डेयरी की स्थापना पर जोर
पशुधन विकास योजना के अंतर्गत चयनित लाभुकों, जिन्हें अब तक पशु उपलब्ध नहीं हो सका है, उन्हें शीघ्र पशुधन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। मेगा डेयरी स्थापना हेतु प्राप्त प्रस्तावों के आलोक में सभी अंचल अधिकारियों एवं नगर निकायों के पदाधिकारियों को उपयुक्त भूमि चिन्हित कर जिला मुख्यालय को प्रतिवेदन उपलब्ध कराने को कहा गया।
मत्स्य क्षेत्र अंतर्गत चांडिल डैम बंदोबस्ती से संबंधित कार्य विभागीय दिशा-निर्देशों एवं समिति की जानकारी में सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही जेएसएलपीएस के तहत स्वयं सहायता समूहों को उपलब्ध कराई जा रही वित्तीय सहायता की प्रभावी मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने को कहा गया, ताकि राशि का समुचित उपयोग हो सके।
मत्स्य पालन और महिला सशक्तिकरण की नई रणनीति
उपायुक्त ने निर्देशित किया कि दीदी सखी एवं वित्त सखी के सहयोग से मुद्रा ऋण वितरण में तेजी लाई जाए तथा अधिकाधिक पात्र लाभुकों को योजनाओं से जोड़ा जाए। फुलो-झानो आशीर्वाद योजना के अंतर्गत योग्य समूहों को लाभान्वित करने, लखपति दीदी की संख्या में वृद्धि करने तथा महिला सशक्तिकरण से संबंधित गतिविधियों को प्रोत्साहित करने पर बल दिया गया। साथ ही सॉफ्ट टॉय निर्माण जैसे आजीविका आधारित कार्यों हेतु इच्छुक समूहों को प्रशिक्षण प्रदान करने तथा उत्पादित सामग्रियों के लिए उपयुक्त बाजार एवं उचित मूल्य सुनिश्चित करने के लिए कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए।
सहकारिता विभाग की समीक्षा के क्रम में विभिन्न क्षमता वाले गोदाम निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। अनावश्यक विलंब अथवा अनियमितता पाए जाने पर संबंधित संवेदकों पर नियमानुसार कार्रवाई करते हुए विभाग को सूचित करने तथा ऐसे संवेदकों को भविष्य में कार्य आवंटित न करने का निर्देश दिया गया। साथ ही जिला सहकारिता पदाधिकारी को सदस्यता अभियान चलाकर सहकारी संस्थाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए।
सहकारिता और गोदाम निर्माण में सख्ती
उपायुक्त ने कहा कि सभी योजनाओं का क्रियान्वयन समयबद्ध, पारदर्शी एवं परिणामोन्मुख तरीके से सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसानों की आय में वृद्धि के साथ-साथ जिले में कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों का समग्र विकास सुनिश्चित हो सके।
उक्त अवसर पर जिला कृषि पदाधिकारी, पशुपालन पदाधिकारी, मत्स्य पदाधिकारी, गव्य विकास पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।


