
उदित वाणी, जमशेदपुर : टाटा स्टील फाउंडेशन ने टाटा स्टील की सुकिंदा क्रोमाइट खदान में विश्व मानवता दिवस मनाया और उन लोगों को सम्मानित किया जिन्होंने साहस, करुणा और मानवता के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का उदाहरण प्रस्तुत किया. इस कार्यक्रम में उन आम लोगों के असाधारण कार्यों का जश्न मनाया गया जिनके कार्यों ने कई लोगों के लिए आशा और सम्मान का संचार किया है.फाउंडेशन ने जगतसिंहपुर ज़िले के चित्तरंजन जेना एवं गौरांग दास और जाजपुर ज़िले के राजेंद्र बिस्वाल को उनके उत्कृष्ट मानवीय योगदान के लिए सम्मानित किया.
जेना को जीवन बचाने में उनके उल्लेखनीय साहस के लिए सम्मानित किया गया. उन्होंने देवी नदी के बाढ़ के पानी से एक साठ वर्षीय व्यक्ति को बचाया और एक अन्य घटना में, एक बुज़ुर्ग ग्रामीण को जलते हुए फूस के घर से सुरक्षित निकाला.बिस्वाल को मानवता की सेवा के प्रति उनके आजीवन समर्पण के लिए सम्मानित किया गया. हर साल, वे कई स्वैच्छिक रक्तदान शिविरों का आयोजन करते हैं, बेसहारा लोगों को भोजन उपलब्ध कराते हैं और अज्ञात मानव शवों का अंतिम संस्कार करने का पवित्र कर्तव्य निभाते हैं.
नेक प्रयासों की सराहना
टाटा स्टील के फेरो अलॉयज एंड मिनरल्स डिवीजन (एफएएमडी) के कार्यकारी प्रभारी पंकज सतीजा ने ऐसे नेक प्रयासों की सराहना करते हुए कहा, “सच्चे नायक वे साधारण लोग होते हैं जो असाधारण करुणा के साथ कार्य करना चुनते हैं. इन निस्वार्थ व्यक्तियों को सम्मानित करके हम मानवता के मूल तत्व का जश्न मनाते हैं और अपने इस विश्वास की पुष्टि करते हैं कि जब दयालुता मार्ग प्रशस्त करती है तो समुदाय मजबूत होते हैं. उनकी कहानियां हमें एक ऐसे समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करती हैं जो देखभाल में निहित हो और वसुधैव कुटुम्बकम के लोकाचार में समाहित हो.

