
उदित वाणी, पलामू : झारखंड के पलामू जिले में अंधविश्वास में एक बुजुर्ग की हत्या उसके बेटे और रिश्तेदारों ने मिलकर कर दी. पुलिस ने सोमवार को इस सनसनीखेज वारदात का खुलासा किया है. आरोपी पुत्र सहित कुल चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है.आरोपियों ने बुजुर्ग की हत्या करते हुए वीडियो भी बनाया था.
पलामू की एसपी रिष्मा रमेशन ने सोमवार को बताया कि लेस्लीगंज थाना क्षेत्र के डबरा गांव में 26 दिसंबर को पच्चू मोची का शव संदिग्ध हालात में बरामद किया गया था. जांच में स्पष्ट हुआ कि बुजुर्ग की हत्या बेहद निर्ममता से धारदार हथियार से गला रेतकर की गई थी. प्रारंभिक तौर पर मामला अज्ञात अपराधियों का प्रतीत हो रहा था, लेकिन तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ ने कहानी की दिशा पूरी तरह बदल दी.
पुलिस जांच के मुताबिक, करीब तीन महीने पहले पच्चू मोची के 4,500 रुपए गायब हो गए थे. इसी दौरान उन्होंने घर के कुलदेवता की प्रतिमा को हटाकर कबाड़ में डाल दिया. इसके बाद उनके गोतिया धनंजय मोची के परिवार में लगातार दुखद घटनाएं घटने लगीं. परिवार के कुछ सदस्यों की मौत और बच्चों की लगातार बीमारी को संयोग मानने के बजाय अंधविश्वास से जोड़ दिया गया. इन्हीं परिस्थितियों में यह धारणा गहरी होती गई कि पच्चू मोची कथित तौर पर ओझा-गुणी करते हैं और उसी के चलते परिवार पर संकट आया है.
पुलिस के मुताबिक, गुड्डू मोची ने धनंजय मोची के साथ मिलकर पिता पच्चू मोची की हत्या की योजना बनाई. वारदात को अंजाम देने के लिए 40 हजार रुपए की सुपारी तय की गई. साजिश के तहत गुड्डू मोची ने धनंजय मोची को 7 हजार रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर किए. इसके बाद धनंजय ने अपने साले सत्येंद्र कुमार और मुनेश्वर कुमार रवि को इसमें शामिल कर लिया.
घटना के दिन तीनों आरोपी गांव पहुंचे और सुनसान मौका पाकर चाकू से पच्चू मोची की गर्दन पर वार कर दिया. वारदात के बाद उन्होंने हत्या का वीडियो भी बनाया, जिसे पुलिस ने मोबाइल फोन से बरामद कर लिया है. सभी आरोपियों की उम्र 20-22 साल के बीच है. पुलिस ने मृतक के बेटे सहित चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.
(आईएएनएस)

