
उदित वाणी, रांची : राज्य में रिम्स-टू के निर्माण का सपना साकार करने को लेकर राज्य सरकार द्वारा तेजी से काम किया जा रहा है. स्वास्थ्य विभाग के अपरमुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने बताया कि एशियन डेवलपमेंट बैंक से रिम्स-टू के निर्माण के लिए 1000 करोड़ रूपये की वित्तीय सहयोग प्राप्त होगी. जबकि शेष राशि राज्य योजना मद से व्यय की जायेगी. इस परियोजना के पूर्ण होने के बाद झारखंड न केवल पूर्वी भारत बल्कि पूरे देश का प्रमुख हेल्थकेयर हब और मेडिकल टूरिज्म डेस्टिनेशन बनेगा. यह न सिर्फ़ झारखंडवासियों के लिए बल्कि पूरे देश के मरीजों के लिए आशा की एक नई किरण साबित होगा.
स्वास्थ्य मंत्री डा इरफान अंसारी ने कहा कि फरीदाबाद के अमृता इंस्टीच्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज की तर्ज पर बनने वाले रिम्स-टू में 2600 बेड की क्षमता वाला यह अत्याधुनिक इंटीग्रेटेड सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल बनेगा. जिसमें कार्डियोलॉजी, ऑन्कोलॉजी, न्यूरोसर्जरी, ऑर्थोपेडिक्स जैसी सभी सुपर स्पेशियलिटी सेवाएं उपलब्ध होंगे. इसके अलावा अत्याधुनिक रिसर्च सेंटर एवं टेलीमेडिसिन यूनिट की भी व्यवस्था भी होगी.
