
उदित वाणी, रांची: मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के निर्देश पर नगर विकास व आवास विभाग द्वारा अनियमित तरीके से बनाये गये घरों को नियमित करने की दिशा में कार्रवाई शुरू कर दी गई.
इसके लिए अनधिकृत आवासीय निर्माण नियमितीकरण योजना-2022 का प्रारूप तैयार करने को लेकर दस सदस्यीय उच्च स्तरीय अंतर विभागीय समिति का गठन किया गया.
विभाग द्वारा इसकी अधिसूचना भी जारी कर दी गई. उच्च स्तरीय समिति विभिन्न राज्यों द्वारा अनधिकृत आवासीय निर्माण को नियमित करने को लेकर बनाई गई योजनाओं का अध्ययन करके रिपोर्ट सौंपी जायेगी.
इसको लेकर समिति के अध्यक्ष व सदस्य जरूरत के अनुसार विभिन्न राज्यों का भ्रमण भी कर सकते हैं. नागरीय प्रशासन निदेशालय के निदेशक उच्च स्तरीय समिति के अध्यक्ष होंगे.
जबकि रांची नगर निगम व गिरिडीह नगर निगम के नगर आयुक्त, भवन निर्माण विभाग व पथ निर्माण विभाग के अभियंता प्रमुख, नगर विकास एवं आवास विभाग के तकनीकी कोषांग के मुख्य अभियंता, अग्निशमन सेवा के महानिदेशक, योजना विकास विभाग के संयुक्त निदेशक तथा नगर विकास एवं आवास विभाग के अवर सचिव अथवा उप सचिव व नगर निवेशक सदस्य होंगे.
गौरतलब है कि 20 अक्टूबर को राज्यसभा सांसद श्रीमती महुआ माजी के नेतृत्व में फेडरेशन ऑफ झारखण्ड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के प्रतिनिधि मंडल ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के साथ मुलाकात करके राज्य के शहरी इलाकों में बिना नक्शे के निर्मित भवनों व संरचनाओं के नियमितीकरण करने की दिशा में पहल करने का आग्रह किया था। जिसके आलोक में मुख्यमंत्री ने त्वरित पहल करते हुए उच्चस्तरीय समिति का गठन करने का निर्देश दिया.

