
उदित वाणी , खरसावां: प्रखंड संसाधन केंद्र (BRC) में आज “स्कूल रूवार 2026” कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया. प्रखंड विकास पदाधिकारी श्री प्रधान मांझी की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में शिक्षा के स्तर को सुधारने और विद्यालयों की आधारभूत संरचना को मजबूत करने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई. कार्यक्रम में शिक्षा विभाग के अधिकारियों और शिक्षकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया.
नामांकन वृद्धि और ड्रॉपआउट बच्चों पर विशेष फोकस
बैठक को संबोधित करते हुए बीडीओ प्रधान मांझी ने विद्यालयों में शत-प्रतिशत नामांकन और छात्रों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने पर जोर दिया. उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि क्षेत्र के ड्रॉपआउट बच्चों (स्कूल छोड़ चुके बच्चों) की पहचान की जाए और उन्हें विशेष अभियान चलाकर पुनः शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा जाए.
नवाचार और गतिविधि आधारित शिक्षण
शिक्षण कार्य को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए शिक्षकों को नवाचार (Innovation) और गतिविधि आधारित शिक्षण पद्धति अपनाने के लिए प्रेरित किया गया. बीडीओ ने कहा कि पढ़ाई को बोझ बनाने के बजाय इसे रोचक बनाया जाए ताकि बच्चों में सीखने के प्रति उत्साह पैदा हो. इसके अलावा, अभिभावकों के साथ नियमित समन्वय स्थापित कर उन्हें बच्चों की शिक्षा के प्रति जागरूक करने की बात कही गई.
विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं का होगा सुदृढ़ीकरण
प्रखंड विकास पदाधिकारी ने विद्यालयों की स्वच्छता, स्वच्छ पेयजल और अन्य भौतिक सुविधाओं के नियमित अनुरक्षण (Maintenance) का निर्देश दिया. साथ ही, मिड-डे मील (MDM) योजना के सही और गुणवत्तापूर्ण संचालन पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया, ताकि बच्चों को पौष्टिक आहार मिल सके.
समन्वय के साथ कार्य करने की अपील
श्री प्रधान मांझी ने सभी पदाधिकारियों और शिक्षकों से अपील की कि वे “स्कूल रूवार 2026” के उद्देश्यों को गंभीरता से लें. उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयासों और बेहतर समन्वय के माध्यम से ही प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाई जा सकती है. बैठक में बीआरसी कर्मी, विभिन्न संकुलों के शिक्षक और शिक्षा विभाग के प्रतिनिधि उपस्थित थे.

