उदित वाणी,जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम जिले में जनगणना 2027 का पहला चरण आज 1 अप्रैल से शुरू हो गया है। इस बार जनगणना को अधिक सटीक और पारदर्शी बनाने के लिए डिजिटल सिस्टम पर विशेष फोकस किया गया है। खास बात यह है कि अब लोग घर बैठे ऑनलाइन माध्यम से भी अपनी जानकारी स्वयं भर सकते हैं।
जनगणना प्रभारी सह डीसीएलआर सच्चिदानंद महतो ने बताया कि जिले में जनगणना कार्य को सफल बनाने के लिए व्यापक तैयारी की गई है। करीब 4 हजार गणनाकर्मियों की तैनाती की गई है, जिनमें शिक्षक, आंगनबाड़ी सेविकाएं, सहिया और अन्य सरकारी कर्मी शामिल हैं। सभी को प्रशिक्षण देकर घर-घर सर्वे के लिए तैयार किया गया है।
पहले चरण में “हाउस लिस्टिंग” के तहत हर घर तक पहुंचकर मकान की स्थिति, परिवार की संरचना और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी जानकारी एकत्र की जाएगी। इसके साथ ही भारत सरकार द्वारा स्व-गणना पोर्टल भी उपलब्ध कराया गया है, जो 16 भाषाओं में उपलब्ध रहेगा। इस पोर्टल के जरिए आम लोग खुद अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं। इस चरण में कुल 33 प्रश्न पूछे जाएंगे, जो मुख्य रूप से मकान की स्थिति, परिवार के सदस्यों की संख्या, पानी, बिजली, शौचालय, इंटरनेट जैसी सुविधाओं और आर्थिक स्थिति से जुड़े होंगे। इन आंकड़ों के आधार पर लोगों के जीवन स्तर और बुनियादी सुविधाओं की स्थिति का आकलन किया जाएगा।
प्रशासन के अनुसार, दूसरे चरण में व्यक्ति आधारित विस्तृत जानकारी जैसे उम्र, शिक्षा और अन्य सामाजिक पहलुओं से जुड़े प्रश्न पूछे जाएंगे। गौरतलब है कि वर्ष 2011 के बाद 2021 में जनगणना प्रस्तावित थी, लेकिन कोरोना महामारी के कारण इसे स्थगित कर दिया गया था। अब तकनीक के साथ इसकी नई शुरुआत की गई है, जिससे प्रक्रिया को अधिक सरल और प्रभावी बनाया जा सके।
पूर्वी सिंहभूम जिले के 2011 के आंकड़ों के अनुसार कुल आबादी करीब 13.5 लाख थी, जिसमें 55 प्रतिशत शहरी और 45 प्रतिशत ग्रामीण आबादी शामिल थी। जिले की साक्षरता दर लगभग 84 प्रतिशत और लिंगानुपात 949 महिलाएं प्रति 1000 पुरुष दर्ज किया गया था।
प्रशासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे जनगणना में सहयोग करें और सही जानकारी उपलब्ध कराएं, ताकि विकास योजनाओं को और प्रभावी ढंग से लागू किया जा सके।


