
उदित वाणी, जमशेदपुर: जमशेदपुर जिला बार एसोसिएशन के वरिष्ठ और सम्मानित अधिवक्ता केवल कृष्णा, जिन्हें कानूनी गलियारों में आदर से ‘केवल बाबू’ कहा जाता था, नहीं रहे. 75 वर्षीय केवल बाबू ने बीती देर रात 2:00 बजे टाटा मुख्य अस्पताल (TMH) में अंतिम सांस ली उनके निधन की खबर फैलते ही शहर के अधिवक्ताओं और न्याय जगत से जुड़े लोगों में शोक की लहर दौड़ गई.
लंबी बीमारी के बाद TMH में ली अंतिम सांस
पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, केवल बाबू पिछले कुछ महीनों से अस्वस्थ चल रहे थे और उनका निरंतर उपचार किया जा रहा था शुक्रवार को अचानक उनकी तबीयत अधिक बिगड़ने पर उन्हें तत्काल टीएमएच में भर्ती कराया गया, जहाँ इलाज के दौरान उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया.
1974 से शुरू हुआ पांच दशकों का कानूनी सफर
केवल कृष्णा जी ने वर्ष 1974 में जमशेदपुर न्यायालय में अपनी प्रैक्टिस शुरू की थी लगभग 52 वर्षों के अपने लंबे करियर में उन्होंने कानून की बारीकियों को बखूबी समझा उन्हें विशेष रूप से ‘क्रिमिनल केस’ (फौजदारी मामलों) में महारत हासिल थी उनकी कानूनी समझ का लोहा न केवल उनके समकक्ष, बल्कि न्यायाधीश भी मानते थे.
जूनियर वकीलों के मार्गदर्शक और ‘मृदुभाषी’ स्वभाव
केवल बाबू अपनी विद्वता के साथ-साथ अपने सरल और सौम्य व्यवहार के लिए भी जाने जाते थे वे जूनियर वकीलों के लिए एक संस्थान की तरह थे अक्सर न्यायालय परिसर में उन्हें युवा अधिवक्ताओं को केस की बारीकियां और कानूनी ‘टिप्स’ देते हुए देखा जाता था उनके मार्गदर्शन ने कई युवा वकीलों के करियर को नई दिशा दी उनके निधन को बार एसोसिएशन के लिए एक अपूरणीय क्षति माना जा रहा है.
स्वर्णरेखा घाट पर पंचतत्व में विलीन हुए पार्थिव शरीर
आज उनके पार्थिव शरीर को अस्पताल से ह्यूमपाइप स्थित उनके निवास स्थान ले जाया गया, जहाँ परिजनों और शुभचिंतकों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी इसके बाद विधि-विधान के साथ उनकी अंतिम यात्रा भुइयांडीह स्थित स्वर्णरेखा बर्निंग घाट पहुँची यहाँ शहर के सैकड़ों अधिवक्ताओं ने नम आंखों से अपने प्रिय ‘केवल बाबू’ को अंतिम विदाई दी मंत्रोच्चारण के बीच उनका अंतिम संस्कार संपन्न हुआ.
23 मार्च को आयोजित होगी शोक सभा
वर्तमान में त्योहारों के कारण न्यायालय में अवकाश है इसी के मद्देनजर, जमशेदपुर जिला बार एसोसिएशन ने निर्णय लिया है कि आगामी 23 मार्च को न्यायालय खुलने पर दूसरी पाली में एक औपचारिक शोक सभा आयोजित की जाएगी, जिसमें अधिवक्ता समुदाय उनकी याद में अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करेगा.

