
उदित वाणी, जमशेदपुर: झारखंड में आयकर रिटर्न दाखिल करने की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। बिहार-झारखंड के प्रधान मुख्य आयकर आयुक्त जयंत मिश्रा ने बताया कि देश में लगभग 75 करोड़ पैन धारक हैं, लेकिन उनमें से केवल 9 करोड़ लोग ही आयकर रिटर्न दाखिल करते हैं। वहीं झारखंड में यह आंकड़ा महज 4 प्रतिशत है।
यह जानकारी उन्होंने सिंहभूम चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (SCCI) द्वारा चैम्बर भवन में आयोजित एक इंटरैक्टिव सेशन के दौरान दी, जहां वे मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। इस अवसर पर उन्होंने व्यापारियों और उद्यमियों को नए आयकर अधिनियम 2025 के प्रावधानों की भी विस्तार से जानकारी दी।
जयंत मिश्रा ने कहा कि नए आयकर कानून को करदाताओं के लिए अधिक सरल और पारदर्शी बनाने की दिशा में तैयार किया गया है। उन्होंने करदाताओं से समय पर अग्रिम कर (Advance Tax) और स्व-मूल्यांकन कर (Self-Assessment Tax) का भुगतान करने की अपील की।
इसके साथ ही उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ‘विवाद से विश्वास’ योजना के अंतर्गत लंबित मामलों के निपटारे में तेजी लाई जाए, ताकि करदाताओं को राहत मिल सके।

