
उदित वाणी , जमशेदपुर: समाज को नशामुक्त बनाने और मादक पदार्थों के अवैध नेटवर्क को ध्वस्त करने के उद्देश्य से समाहरणालय सभागार में जिला नार्कोटिक्स समन्वय समिति (NCORD) की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई. उपायुक्त के कड़े निर्देशों के बाद अब प्रशासन शहर के उन हिस्सों में बड़े स्तर पर कार्रवाई की तैयारी कर रहा है, जहाँ नशे का कारोबार पनप रहा है.
इन इलाकों में होगी सघन छापेमारी
बैठक के दौरान प्रशासन ने शहर के उन संवेदनशील इलाकों की पहचान की है जहाँ नशीले पदार्थों की तस्करी और बिक्री की शिकायतें लगातार मिल रही हैं. बागबेड़ा, जुगसलाई और बर्मामाइंस जैसे क्षेत्रों को विशेष निगरानी सूची में रखा गया है. पुलिस और उत्पाद विभाग को स्पष्ट निर्देश दिया गया है कि वे संयुक्त रूप से इन इलाकों में नियमित छापेमारी अभियान चलाएं. साथ ही, तस्करी और भंडारण के अड्डों को चिह्नित कर उन्हें पूरी तरह समाप्त करने को कहा गया है.
युवाओं और स्कूलों पर विशेष फोकस
नशे के बढ़ते दुष्प्रभावों से युवाओं को बचाने के लिए प्रशासन ने शिक्षण संस्थानों के आसपास सुरक्षा घेरा मजबूत करने का निर्णय लिया है. अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि स्कूल और कॉलेजों के आसपास नशीले पदार्थों की बिक्री को रोकने के लिए विशेष सतर्कता बरती जाए. इसके अतिरिक्त, विद्यार्थियों को जागरूक करने के लिए विद्यालय-महाविद्यालय स्तर पर विशेष अभियान चलाए जाएंगे ताकि वे नशे के जाल से दूर रह सकें.
सूचना तंत्र को मजबूत करने और त्वरित जांच के निर्देश
प्रशासन ने पुलिस विभाग को मादक पदार्थों से जुड़े मामलों में त्वरित अनुसंधान (Quick Investigation) सुनिश्चित करने को कहा है ताकि दोषियों को जल्द सजा मिल सके. इसके लिए पुलिस और उत्पाद विभाग के सूचना तंत्र को और अधिक आधुनिक और प्रभावी बनाने पर बल दिया गया है. साथ ही, नशा मुक्ति और पुनर्वास केंद्रों को भी सक्रिय रखने का निर्देश दिया गया है ताकि पीड़ितों को सही समय पर उपचार मिल सके.
नागरिकों के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी
जिला प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे समाज को नशामुक्त बनाने में सक्रिय भूमिका निभाएं. यदि आपके आसपास ड्रग्स के अवैध व्यापार, सेवन या परिवहन की कोई जानकारी है, तो तुरंत इन नंबरों पर सूचित करें:
टोल फ्री नंबर: 112
पुलिस कंट्रोल रूम: 0657-2431028

