उदित वाणी, जमशेदपुर : समाहरणालय सभागार में उपायुक्त श्री राजीव रंजन की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण खरीदार-विक्रेता (Buyers-Seller Meet) बैठक का आयोजन किया गया. इस बैठक का मुख्य उद्देश्य बिरसा हरित ग्राम योजना के अंतर्गत विकसित की गई आम बागवानी से प्राप्त फलों के विक्रय एवं विपणन (मार्केटिंग) को लेकर क्रेता पक्ष (बायर्स) के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करना था. बैठक में आम के कुल उत्पादन, उसकी गुणवत्ता, बाजार में उपलब्धता एवं किसानों से सीधे खरीद की प्रक्रिया पर विस्तृत चर्चा की गई.
उपायुक्त का कड़ा निर्देश: एक सप्ताह में पूरी हो आम के पौधों की जियो टैगिंग
बैठक के दौरान उपायुक्त श्री राजीव रंजन ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिया कि जिन लाभुकों के आम बागानों से इस बार फल का उत्पादन हो रहा है, उन सभी पौधों की जियो टैगिंग (Geo-Tagging) एक सप्ताह के भीतर अनिवार्य रूप से पूर्ण की जाए. उन्होंने कहा कि जियो टैगिंग पूरी होने से फलों की ट्रैकिंग आसान होगी और विपणन की प्रक्रिया में और अधिक तेजी लाई जा सकेगी.
बीरा टुडू और होपो मंडी समेत अन्य किसानों से हजारों किलो आम की खरीद
बैठक में उपस्थित बाजार समिति जमशेदपुर के सचिव एवं ऑल सीजन फ्रेश फार्म निर्यातक, जमशेदपुर द्वारा बताया गया कि बिरसा हरित ग्राम योजना के लाभुक बीरा टुडू (पंचायत रावतरा, प्रखंड धालभूमगढ़) से 1600 किलोग्राम आम की सीधे खरीद की जा रही है. इसी प्रकार, होपो मंडी एवं अन्य दो लाभुकों से लगभग 5000 किलोग्राम आम की खरीद की प्रक्रिया वर्तमान में प्रगति पर है. प्रशासन द्वारा यह भी स्पष्ट किया गया कि सभी लाभुक किसानों को फलों का भुगतान पूरी तरह से ऑनलाइन माध्यम से सुनिश्चित किया गया है.
ग्रामीण किसानों की आय बढ़ाना सरकार का मुख्य उद्देश्य: डीसी
उपायुक्त ने योजना के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बिरसा हरित ग्राम योजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण किसानों की आय में सीधे तौर पर वृद्धि करना है. उन्हें बिना किसी बिचौलिए के सीधे बाजार से जोड़ना है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ और आत्मनिर्भर हो सके.
बैठक में उपस्थित रहे कई विभागों के अधिकारी
इस महत्वपूर्ण बैठक में निदेशक एनईपी, ऑल सीजन फार्म फ्रेश, ईको लाइफ इंडिया (रांची), टाटा स्टील फाउंडेशन जमशेदपुर, टैगोर सोसाइटी पटमदा, जिला उद्यान पदाधिकारी, बाजार समिति के सचिव, डीपीएम जेएसएलपीएस (DPM JSLPS), बीपीएम जेएसएलपीएस, एफपीओ (FPO), बीपीओ मनरेगा (BPO MGNREGA), सभी प्रखण्ड कृषि पदाधिकारी, एटीएम (ATM), बीटीए (BTA) व अन्य संबंधित अधिकारी मुख्य रूप से उपस्थित थे.


