
उदित वाणी, रांची : आज झारखंड मंत्रालय में मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन की अध्यक्षता में झारखंड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकार की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक संपन्न हुई. इस बैठक में आपदा प्रबंधन मंत्री डॉ० इरफान अंसारी और राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में कई दूरगामी निर्णयों पर सहमति बनी.
सड़क दुर्घटना मुआवजे में भारी बढ़ोतरी:
बैठक का सबसे महत्वपूर्ण निर्णय सड़क दुर्घटनाओं से जुड़ा रहा. मुख्यमंत्री ने विशिष्ट स्थानीय आपदा के तहत सड़क दुर्घटना में मृत व्यक्तियों के आश्रितों को दी जाने वाली अनुग्रह राशि को 1 लाख रुपये से बढ़ाकर 4 लाख रुपये करने का निर्णय लिया है. अब सड़क दुर्घटना में जान गंवाने वालों के परिवारों को अन्य आपदाओं के समान ही आर्थिक सहायता मिलेगी.
अनुग्रह राशि और बीमा के नियमों में बदलाव:
मुख्यमंत्री ने अनुग्रह अनुदान की प्रक्रिया को सरल बनाने के निर्देश दिए हैं. अब मृतक के आश्रितों को उनके गृह जिला के उपायुक्त (DC) द्वारा सत्यापन के बाद ही राशि प्रदान की जाएगी. हालांकि, यह स्पष्ट किया गया है कि राज्य या केंद्र सरकार की बीमा योजनाओं से आच्छादित व्यक्ति या तो आपदा प्रबंधन की अनुग्रह राशि प्राप्त कर सकेंगे या बीमा की राशि—दोनों में से केवल एक ही देय होगा.
युवा आपदा मित्र और ईआरएसएस (ERSS) का एकीकरण:
दुमका, गोड्डा, पाकुड़ और साहिबगंज जिलों में चल रही ‘युवा आपदा मित्र स्कीम’ को और सशक्त बनाया जाएगा. मुख्यमंत्री ने स्वयंसेवकों का डेटाबेस तैयार कर उसे इमरजेंसी रिस्पांस सपोर्ट सिस्टम (ERSS) से जोड़ने का निर्देश दिया. साथ ही, इन मित्रों के लिए एक मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) बनाने और उन्हें कार्य के दौरान भत्ता प्रदान करने का प्रस्ताव तैयार करने को कहा है.
गोताखोरों के प्रशिक्षण और महिला भागीदारी पर जोर:
राज्य में पानी में डूबने से होने वाली मौतों को रोकने के लिए 48 गोताखोरों को प्रशिक्षण देने के प्रस्ताव को घटनोत्तर स्वीकृति दी गई. मुख्यमंत्री ने इस टीम का विस्तार करने का निर्देश देते हुए कहा कि इसमें पुलिस जवानों, गृहरक्षकों और महिलाओं को भी शामिल किया जाए ताकि राहत कार्य अधिक प्रभावी हो सके.
अधिकारियों की सेवा विस्तार को स्वीकृति:
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकार के तहत कार्यरत क्षमता संवर्धन पदाधिकारियों एवं जिला आपदा प्रबंधन पदाधिकारियों की सेवा अवधि को वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए विस्तार देने की स्वीकृति भी इस बैठक में प्रदान की गई.
बैठक में उपस्थित गणमान्य:
इस अवसर पर मुख्य सचिव श्री अविनाश कुमार, अपर मुख्य सचिव श्री अजय कुमार सिंह, सचिव श्री प्रशांत कुमार, सचिव श्रीमती विप्रा भाल एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे.

