
उदित वाणी,आदित्यपुर: सरायकेला-खरसावां जिले की महिला उद्यमियों के आर्थिक सशक्तिकरण और उन्हें बाजार की मुख्यधारा से जोड़ने के उद्देश्य से बुधवार को आदित्यपुर स्थित होटल नोवांता में एक भव्य जिला स्तरीय अभिविन्यास कार्यशाला का आयोजन किया गया. जिला उद्योग केंद्र द्वारा आयोजित यह कार्यशाला आरएएमपी (RAMP) योजना के अंतर्गत महिला नेतृत्व वाले उद्यमों को सुदृढ़ करने पर केंद्रित रही.
दिग्गजों ने किया कार्यशाला का शुभारंभ
कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन जियाडा के रीजनल डेप्युटी डायरेक्टर श्री दिनेश रंजन, जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक श्री रवि शंकर प्रसाद, अग्रणी जिला प्रबंधक (LDM) श्री वरुण चौधरी और नाबार्ड की डीडीएम सुश्री चंदना मिश्रा ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया. अतिथियों ने एक स्वर में कहा कि महिलाएं आज केवल घर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे सफल उद्यमी बनकर अर्थव्यवस्था में बड़ा योगदान दे रही हैं.
विशेषज्ञों ने दिए सफलता के मंत्र
रांची से आईं आरएएमपी योजना की विशेषज्ञ सुश्री इशा सिंह एवं सुश्री आदिती ने कार्यशाला में उपस्थित महिला उद्यमियों को सूक्ष्मता से उद्योग की बारीकियां सिखाईं. उन्होंने मुख्य रूप से निम्नलिखित बिंदुओं पर चर्चा की:
उद्यम स्थापना और विस्तार: नए उद्योग लगाने से लेकर उन्हें बढ़ाने की तकनीकी जानकारी.
वित्तीय प्रबंधन: पूंजी का सही निवेश और हिसाब-किताब रखने के तरीके.
बाजार उपलब्धता: स्थानीय उत्पादों को बड़े बाजार और डिजिटल प्लेटफार्म से कैसे जोड़ें.
सरकारी योजनाएं: केंद्र और राज्य सरकार द्वारा मिलने वाली वित्तीय व तकनीकी सहायता की जानकारी.
महिलाओं की भारी भागीदारी
कार्यशाला में जिले भर से आईं स्वयं सहायता समूहों (SHG) की सदस्याएं और स्वतंत्र रूप से उद्योग चला रही महिला उद्यमी बड़ी संख्या में जुटीं. उन्हें उद्यमों के पंजीकरण (Udyam Registration), बैंकों से समन्वय और ऋण प्राप्ति की प्रक्रियाओं के बारे में विस्तार से समझाया गया.
आर्थिक सशक्तिकरण के लिए निरंतर प्रयास
जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक श्री रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि विभाग का लक्ष्य जिले की हर प्रतिभाशाली महिला उद्यमी को सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ पहुंचाना है. उन्होंने आश्वासन दिया कि महिला सशक्तिकरण की दिशा में इस प्रकार के मार्गदर्शक कार्यक्रमों का आयोजन भविष्य में भी निरंतर जारी रहेगा.

