उदित वाणी,जमशेदपुर: खरसावां जिले के चांडिल गोलचक्कर स्थित शहरबेड़ा गांव की एक विवादित जमीन पर शनिवार को धूमधाम से सरहुल पर्व मनाए जाने के बाद मामला तूल पकड़ता जा रहा है। इस आयोजन को लेकर याचिकाकर्ताओं ने झारखंड उच्च न्यायालय के आदेश की अवहेलना का आरोप लगाया है।

भूमि पर दावा करने वाले सूर्य पद महतो और जय महतो का कहना है कि संबंधित जमीन उनकी खतियानी रैयती संपत्ति है, जिसके वैध दस्तावेज, लगान रसीद समेत सभी प्रमाण उनके पास मौजूद हैं। उन्होंने बताया कि इस मामले में दायर रिट याचिका (संख्या 1868/2026) पर 20 मार्च 2026 को उच्च न्यायालय ने निर्देश दिया था कि वे अपने दस्तावेज अनुमंडल पदाधिकारी, चांडिल के समक्ष प्रस्तुत करें, तथा प्रथम दृष्टया स्वामित्व सिद्ध होने पर प्रशासन को भूमि सुरक्षा सुनिश्चित करनी होगी।
याचिकाकर्ताओं का आरोप है कि न्यायालय के आदेश और प्रशासन को सूचना देने के बावजूद उक्त भूमि पर सरहुल आयोजन किया गया। उन्होंने इस संबंध में चांडिल थाना में लिखित शिकायत देकर प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि वे सरहुल जैसे पारंपरिक पर्व के विरोध में नहीं हैं, बल्कि निजी जमीन पर बिना अनुमति आयोजन का विरोध कर रहे हैं। वहीं प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर वैध अधिकार सुनिश्चित करने की मांग की गई है।


