
उदित वाणी, गिरिडीह : गिरिडीह जिले के मुफस्सिल थाना क्षेत्र अंतर्गत मोहनपुर पंचायत के तुरुकडीहा गांव में तीन मासूम बेटियों की निर्मम हत्या की घटना से पूरा क्षेत्र अब भी सदमे में है. इस हृदयविदारक घटना ने न केवल तुरुकडीहा गांव बल्कि पूरे गिरिडीह जिले को झकझोर कर रख दिया है. घटना की जानकारी मिलने के बाद झारखंड सरकार के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू बुधवार सुबह पीड़ित परिवार से मिलने गांव पहुंचे. उन्होंने शोक संतप्त परिजनों से मुलाकात कर गहरी संवेदना व्यक्त की और सरकार की ओर से हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का भरोसा दिया.
पीड़ित परिवार को दिया ढांढस, सरकारी सहायता का भरोसा
मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने पीड़ित परिवार के सदस्यों को ढांढस बंधाते हुए कहा कि यह घटना अत्यंत दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण है. मासूम बच्चियों की इस तरह हुई हत्या ने पूरे समाज को झकझोर दिया है. उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है और उन्हें हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी. साथ ही संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए, ताकि पीड़ित परिवार को सरकारी योजनाओं का लाभ शीघ्र मिल सके.
नन्द किशोर उर्फ नंदू यादव पर हत्या का आरोप
गौरतलब है कि तुरुकडीहा गांव निवासी नन्द किशोर उर्फ नंदू यादव पर अपनी ही तीन बेटियों की हत्या करने का आरोप है. मृत बच्चियों की पहचान 12 वर्षीय पल्लवी कुमारी तथा सात वर्षीय जुड़वा बहनें रिद्धि और सिद्धि के रूप में हुई है. घटना के सामने आने के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल है.
ग्रामीणों के अनुसार तीनों बच्चियां बेहद मासूम और मिलनसार थीं. उनकी असामयिक मौत ने गांव के लोगों को गहरे सदमे में डाल दिया है और हर कोई इस दर्दनाक घटना से स्तब्ध है.
आरोपी गिरफ्तार, पुलिस जांच जारी
घटना के बाद गिरिडीह पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पिता नन्द किशोर को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस द्वारा उसका मेडिकल परीक्षण कराया गया, जिसके बाद उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया.
मामले की जांच जारी है और पुलिस विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए अनुसंधान कर रही है. अधिकारियों के अनुसार घटना के पीछे के कारणों का पता लगाने के लिए सभी बिंदुओं पर गंभीरता से जांच की जा रही है.
गांव में पसरा मातम, ग्रामीणों ने की कड़ी कार्रवाई की मांग
मंत्री के गांव पहुंचने के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौजूद रहे. लोगों ने इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए दोषी के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग की.
वहीं पीड़ित परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है. गांव में अब भी मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है और हर किसी की जुबान पर केवल तीन मासूम बच्चियों की दर्दनाक मौत की चर्चा है.
प्रशासन की नजर, निष्पक्ष जांच की उम्मीद
इस बीच प्रशासन भी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है. स्थानीय अधिकारियों ने पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता देने की बात कही है.
पूरे गिरिडीह जिले में इस घटना को लेकर शोक और आक्रोश का माहौल है. लोग उम्मीद कर रहे हैं कि मामले की निष्पक्ष जांच होगी और दोषी को कानून के अनुसार कठोर सजा मिलेगी, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो.

