
उदित वाणी, गुवा : झारखंड के गाँधी नाम से विख्यात महान शिक्षाविद् महात्मा नारायण दास ग्रोवर एवं बिरसा मुंडा की जयंती डीएवी पब्लिक स्कूल चिरिया में बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाई गई. विद्यार्थियों ने दोनों महापुरुषों को याद किया तथा रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से उनके आदर्शों को जीवन में अपनाने का संदेश दिया.
विद्यालय परिसर में वरिष्ठ शिक्षक कर्ण सिंह, राकेश कुमार मिश्रा सहित अन्य शिक्षकों ने महापुरुषों के सदाचरण, अनुशासन और कर्मनिष्ठा को जीवन में उतारने की आवश्यकता पर बल दिया. बच्चों ने फैंसी ड्रेस में आदिवासी रूपरेखा में बिरसा मुंडा की छवि प्रस्तुत की. साथ ही आदिवासी आधारित क्षेत्रीय नृत्य की आकर्षक प्रस्तुति भी दी गई.

प्राचार्य डा शिव नारायण सिंह ने महात्मा नारायण दास ग्रोवर की डीएवी आंदोलन में भूमिका और डीएवी स्कूलों के विकास में उनके योगदान को याद किया. महात्मा ग्रोवर ने बिहार, झारखंड, ओडिशा और बंगाल के सुदूर पिछड़े इलाकों में 200 से अधिक स्कूल स्थापित किए. उन्होंने डीएवी संकल्प सर्व शिक्षा और दीपावली नेत्र ज्योति जैसे सामाजिक प्रकल्पों के माध्यम से हजारों जरूरतमंद बच्चों और मरीजों की सेवा की.

इतिहास शिक्षक नित्यानंद भक्त ने बिरसा मुंडा पर अपने विचार साझा किए. कार्यक्रम का संचालन छात्रा प्रज्ञा महतो ने किया. बच्चों ने भाषण, नृत्य और रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों से समारोह को मनोहर एवं ज्ञानवर्धक बनाया.
इस मौके पर शिक्षकों सहित सभी ने महात्मा नारायण दास ग्रोवर एवं भगवान बिरसा मुंडा की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया और उनके आदर्शों को अमर रखने का संकल्प लिया.
यह आयोजन विद्यार्थियों में राष्ट्रीयता, आदिवासी गौरव और शैक्षिक सेवा की भावना को प्रबल करने का माध्यम रहा.

