उदित वाणी, जमशेदपुर : साकची में मंगलवार, 26 मई 2026 को ‘स्टेट टास्क फोर्स ऑन टीबी’ की एक बेहद महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया. इस उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता डॉ. मनोज कुमार द्वारा की गई. बैठक में विशेष रूप से झारखंड राज्य के सभी मेडिकल कॉलेजों के टीबी एवं चेस्ट विभाग (TB and Chest Department) और कम्युनिटी मेडिसिन विभाग के अध्यक्षों (Heads of Departments) ने हिस्सा लिया और अपने विचार साझा किए.
सिविल सर्जन और जिला यक्ष्मा पदाधिकारी ने किया उद्घाटन
इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन पूर्वी सिंहभूम के सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल, जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ. जोगेश्वर प्रसाद और डब्ल्यूएचओ (WHO) कंसल्टेंट डॉ. सतीश मांझी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया.
टीबी उन्मूलन में मेडिकल कॉलेजों की भूमिका है अत्यंत महत्वपूर्ण: डॉ. सतीश मांझी
कार्यक्रम के दौरान डब्ल्यूएचओ कंसल्टेंट डॉ. सतीश मांझी ने स्टेट टास्क फोर्स की मुख्य भूमिका और इसके उद्देश्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला. उन्होंने अपने संबोधन में इस बात को रेखांकित किया कि देश और राज्य से टीबी उन्मूलन अभियान को पूरी तरह सफल बनाने में मेडिकल कॉलेजों की सक्रिय भागीदारी और उनका तकनीकी सहयोग अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगा.
वर्ष 2026 के लक्ष्यों को हासिल करने के लिए बनी साझा रणनीति
बैठक में झारखंड राज्य के भीतर टीबी उन्मूलन कार्यक्रम को और अधिक प्रभावी बनाने, आम लोगों के बीच जागरूकता का दायरा बढ़ाने तथा प्रमुख चिकित्सा संस्थानों की भागीदारी को शत-प्रतिशत सुनिश्चित करने को लेकर गंभीर मंथन हुआ. उपस्थित विशेषज्ञों ने वर्ष 2026 तक टीबी नियंत्रण के तय लक्ष्यों को समय पर हासिल करने के लिए एक मजबूत और साझा रणनीति तैयार करने पर विशेष जोर दिया.


