
मतदान प्रतिशत बढ़ाने और युवाओं समेत अन्य मतदाताओं को प्रोत्साहित करने में निभाई अहम भूमिका
उदित वाणी, जमशेदपुर: चुनाव आयोग ने वर्ष 2024 के लिए बेस्ट इलेक्ट्रोल प्रैक्टिस अवार्ड की घोषणा कर दी है. इसमें पूर्वी सिंहभूम जिले के उपायुक्त अनन्य मित्तल को जनरल कैटेगरी में बेस्ट इलेक्ट्रोल प्रैक्टिस अवार्ड के लिए चुना गया है. उपायुक्त को नई दिल्ली में राष्ट्रीय मतदाता दिवस समारोह के अवसर पर ये पुरस्कार 25 जनवरी को प्रदान किया जाएगा. उन्हें यह अवार्ड विधानसभा चुनाव के दौरान चुनावी प्रक्रिया में उनके असाधारण योगदान के लिए दिया जा रहा है. अनन्य मित्तल ने इस अवार्ड के लिए चुने जाने पर ख़ुशी जाहिर की है और जिले के मतदाताओं का आभार जताया है.
पूर्वी सिंहभूम जिले के उपायुक्त को जिला चुनाव अधिकारी के रूप में युवाओं, ट्रांसजेंडरों, विकलांग लोगों और अन्य मतदाताओं में मतदान करने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए उनके “कठिन प्रयासों” के लिए यह पुरस्कार दिया जा रहा है. पिछले साल राज्य विधानसभा चुनावों में 100% भागीदारी के साथ जिले में वोटिंग प्रतिशत बढ़ाने में उनकी सक्रियता के कारण उनका चयन इस अवार्ड के लिए किया गया है. अलग अलग टीम बनाकर जिले में स्वतंत्र और निष्पक्ष विधानसभा चुनाव सुनिश्चित करने के लिए उनके अभिनव रणनीतियों के लिए उन्हें सम्मानित किया जनराहा है. वहीं चुनाव आयोग में बेस्ट परफॉर्मिंग स्टेट कैटेगरी में भी झारखंड को अवार्ड देने की घोषणा की गई है.
इसके लिए राज्य चुनाव पदाधिकारी के रवि कुमार का चयन किया गया है. के रवि कुमार को भी नई दिल्ली में राष्ट्रीय मतदाता दिवस समारोह के अवसर पर ये पुरस्कार 25 जनवरी को प्रदान किया जाएगा. इस कैटेगरी में झारखंड के अलावा और दो राज्यों को अवार्ड के लिए चुना गया है. इनमें महाराष्ट्र और जम्मू कश्मीर शामिल हैं. इसके अलावा स्पेशल कैटेगरी और अवार्ड तो बेस्ट गवर्नमेंट डिपार्टमेंट कैटेगरी में भी अवार्ड की घोषणा की गई है, लेकिन इस कैटेगरी में झारखंड को कोई अवार्ड नहीं मिला है. जबकि जनरल अवार्ड कैटेगरी में झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले के डीसी अनन्य मित्तल के अलावा देश के अलग अलग 11 जिलों के जिला अधिकारियों और पुलिस कप्तानों को अवार्ड दिया जा रहा है.

