उदित वाणी, जमशेदपुर : जमशेदपुर के उलीडीह ओपी क्षेत्र (Ulidih OP Area) में अपहरण और रंगदारी की एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जिसका पुलिस ने कुछ ही घंटों के भीतर खुलासा कर दिया. मानगो फ्लाईओवर (Mango Flyover) निर्माण कार्य में लगी कंपनी के सुपरवाइजर और असिस्टेंट मैनेजर का अपहरण कर 10 लाख रुपये की फिरौती (Ransom) मांगने वाले पांच आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. इसके साथ ही अपहृत दोनों कर्मियों को सकुशल बरामद कर लिया गया है.
देर रात बिना नंबर की बोलेरो से आए बदमाश, मारपीट कर ले गए साथ
यह पूरी घटना 14-15 मई की रात करीब 3 बजे की है. मानगो फ्लाईओवर निर्माण (Mango Flyover Construction) कार्य में कार्यरत सुपरवाइजर विजय कुमार ओझा और असिस्टेंट मैनेजर डिमना रोड स्थित सिग्नेचर बिल्डिंग के पास मौजूद थे. इसी दौरान सफेद रंग की बिना नंबर प्लेट वाली बोलेरो से पहुंचे पांच युवकों ने दोनों को घेर लिया. आरोपियों ने पहले गाली-गलौज की और फिर मारपीट करते हुए दोनों को जबरन वाहन में बैठाकर अपने साथ ले गए. अपहरण करने के बाद आरोपियों ने 10 लाख रुपये की फिरौती की मांग की. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत हरकत में आई और तत्काल छापेमारी शुरू की गई.
मानगो गौड़ बस्ती से दोनों कर्मी सुरक्षित बरामद, ये 5 आरोपी हुए अरेस्ट
जमशेदपुर पुलिस (Jamshedpur Police) ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ ही घंटों के भीतर मानगो गौड़ बस्ती (Mango Gaur Basti) से दोनों अपहृत कर्मियों को सुरक्षित बरामद कर लिया. इस किडनैपिंग केस में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनके नाम इस प्रकार हैं:
शिवा गौड़, नितेश गोप, आकाश प्रधान, देवाशीष गोप, शैलेश गोप
गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों से कड़ी पूछताछ की जा रही है. सुपरवाइजर विजय कुमार ओझा के बयान पर आरोपियों के खिलाफ अपहरण, रंगदारी और अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है. पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल की गई सफेद बोलेरो गाड़ी भी बरामद कर ली है, जिस पर फर्जी नंबर प्लेट लगी हुई थी. इसके अलावा अपराधियों के पास से पांच मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं. पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है.
सहकर्मियों ने उलीडीह ओपी जाकर दी थी सूचना
देर रात जब दोनों कर्मियों का अपहरण हुआ तो मौके पर मौजूद कंपनी के अन्य कर्मी पूरी तरह दहशत में आ गए. इसके तुरंत बाद कर्मियों ने उलीडीह ओपी (Ulidih OP) जाकर मामले की लिखित जानकारी पुलिस को दी. पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए फौरन एक्शन लिया. तकनीकी और गुप्त जांच में पता चला कि आरोपी दोनों कर्मियों को बंधक बनाकर गौड़ बस्ती ले गए हैं, जिसके बाद पुलिस टीम ने वहां रेड की और दोनों को सुरक्षित छुड़ा लिया.


