
उदित वाणी, गालूडीह: घाटशिला विधायक रामदास सोरेन ने शुक्रवार रात घाटशिला प्रखंड के जोड़िसा गांव में काली पूजा के मौके पर आयोजित झुमूर संगीत कार्यक्रम में शिरकत की. ग्रामीणों द्वारा विधायक को फूलों का माला व पगड़ी पहनाकर स्वागत किया गया. कार्यक्रम की शुरुआत में विधायक द्वारा बाघुड़िया गांव में नक्सली हमले में शहीद हुए स्व: प्रभाकर महतो और स्व: कृष्णा महतो के तस्वीर पर माल्यार्पण कर उनको याद किया गया. साथ ही शहीदों के पत्नियों को अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया. उन्होंने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि झारखंडी संस्कृति ही हमारी पहचान है. संस्कृति को बचाये रखना बहुत जरूरी है. उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल सरकार अपने राज्य के कलाकारों को पेंशन देती है. हम भी संस्कृति को बचाने के लिए हमेशा तैयार हैं और रहेंगे. राज्य के कलाकारों को पेंशन का लाभ मिले इसके लिए जल्द ही हेमंत सोरेन से बात की जाएगी. कार्यक्रम में लोकप्रिय झुमुर सम्राट संतोष महतो और उनकी टीम द्वारा एक से बढ़कर एक झुमुर संगीत प्रस्तुत की गई. वहीं “शैम्पू कोरा चूल आमार उड़े उड़े जाए, चेंगड़ा रा देखे सोबाई कोरे हाए हाए” आदि झुमुर संगीत पर दर्शक झूम उठे. मौके पर झामुमो प्रखंड अध्यक्ष वकील हेंब्रम, सचिव रतन महतो, जिला परिषद सुभाष सिंह, लालटू महतो सह झामुमो के कई कार्यकर्ता तथा ग्रामीण उपस्थित थे.


