
उदित वाणी, जमशेदपुर: झारखंड उत्पाद सिपाही प्रतियोगिता परीक्षा-2026 के सफल और शांतिपूर्ण आयोजन को लेकर जिला प्रशासन ने कमर कस ली है. 12 अप्रैल (रविवार) को होने वाली इस परीक्षा के मद्देनजर उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने समाहरणालय सभागार में सभी प्रतिनियुक्त सेंटर ऑब्जर्वर्स और केंद्राधीक्षकों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की. उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
केंद्राधीक्षकों की जिम्मेदारी और सतर्कता
उपायुक्त ने केंद्राधीक्षकों को उनके दायित्वों का बोध कराते हुए निर्देश दिया कि प्रश्नपत्रों की सुरक्षित प्राप्ति, समय पर वितरण और परीक्षार्थियों के व्यवस्थित प्रवेश की जिम्मेदारी उनकी है. उन्होंने कहा कि परीक्षा केंद्रों पर निर्धारित समय के अनुसार ही सभी गतिविधियों का संचालन सुनिश्चित किया जाए ताकि अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो.
सुरक्षा के कड़े इंतजाम: बायोमेट्रिक और फ्रिस्किंग अनिवार्य
परीक्षा को पूर्णतः कदाचारमुक्त (Cheating-free) बनाने के लिए उपायुक्त ने निम्नलिखित सख्त निर्देश दिए हैं:
• सघन जांच (Frisking): प्रत्येक केंद्र पर परीक्षार्थियों की सघन तलाशी ली जाएगी.
• बायोमेट्रिक उपस्थिति: फर्जीवाड़े को रोकने के लिए बायोमेट्रिक हाजिरी अनिवार्य होगी.
• प्रतिबंधित सामग्री: मोबाइल, ब्लूटूथ या किसी भी प्रकार की इलेक्ट्रॉनिक सामग्री का प्रवेश पूरी तरह वर्जित रहेगा.
सतत निगरानी और आपसी समन्वय
बैठक में निर्देशित किया गया कि केंद्राधीक्षक परीक्षा अवधि के दौरान सतत निगरानी बनाए रखें. किसी भी प्रकार की अनियमितता या समस्या उत्पन्न होने पर तत्काल वरीय पदाधिकारियों को सूचित करने का आदेश दिया गया है. उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण वातावरण में परीक्षा संपन्न कराने का निर्देश दिया.

