
उदित वाणी, जमशेदपुर : उपायुक्त श्री कर्ण सत्यार्थी के निर्देशानुसार खाद्य प्रतिष्ठानों की गुणवत्ता और स्वच्छता सुनिश्चित करने के लिए जिले में औचक निरीक्षण अभियान चलाया गया. इस विशेष जांच में खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी ने शहर के कई प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया.
कहाँ-कहाँ हुई जांच? क्या-क्या लिए गए सैंपल?
गोलमुरी स्थित सुधा चौबे खटाल, साकची स्थित कैनेलाइट होटल प्राइवेट लिमिटेड, केरला समाजम कैंटीन और गोलमुरी का गोल्डन आईरिस होटल निरीक्षण के दायरे में आए. यहां से गाय और भैंस का दूध, पनीर, पास्ता, मैगी व्हीट सूजी और केरा ब्रांड का डबल फिल्टर्ड नारियल तेल के नमूने एकत्र किए गए हैं. ये सभी नमूने रासायनिक विश्लेषण के लिए राज्य खाद्य जांच प्रयोगशाला, नामकुम भेजे जाएंगे.
केरला समाजम कैंटीन में मिली एक्सपायर्ड सामग्री
निरीक्षण के दौरान केरला समाजम कैंटीन से “बटरफ्लाई ब्रांड” की खीर बनाने वाली सामग्री एक्सपायर्ड पाई गई. इसे तत्काल नष्ट कर दिया गया और प्रतिष्ठान को अग्रेतर कार्रवाई हेतु नोटिस जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.
कैनेलाइट होटल में ऑन द स्पॉट टेस्ट में सामने आया खतरा
कैनेलाइट होटल में रखे गए पनीर का ऑन द स्पॉट स्क्रीनिंग टेस्ट किया गया, जिसमें उसे संदिग्ध पाया गया. इसके बाद उसे टींचर आयोडीन से मौके पर ही नष्ट कर दिया गया.
साफ-सफाई और दस्तावेजों को लेकर सख्त निर्देश
सभी होटल और रेस्टोरेंट संचालकों को रसोई की स्वच्छता, पानी की गुणवत्ता की रिपोर्ट, कीट नियंत्रण प्रमाण पत्र और फूड ग्रेड पैकेजिंग सामग्री का सर्टिफिकेट संधारित करने का निर्देश दिया गया है.
यदि भविष्य में होने वाली औचक जांच के दौरान ये प्रमाण पत्र अनुपलब्ध पाए जाते हैं, तो खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी. साथ ही संग्रह किए गए खाद्य नमूने यदि मानकों के अनुरूप नहीं पाए गए तो संबंधित कारोबारी पर भी कानूनी कार्रवाई तय होगी.

