
उदित वाणी, जमशेदपुर: शहर के गैर कंपनी क्षेत्र में डेंगु का कहर दिखना शुरु हो गया है. बागबेड़ा, गोविंदपुर, परसुडीह और मानगो जैसे क्षेत्रों में डेंगु के 17 मरीज पाए गए हैं. जिनका विभिन्न अस्पतालों में ईलाज चल रहा है. आने वाले समय में और भी डेंगु के मरीज मिलने की संभावना है.
विभाग के द्वारा इन क्षेत्रों में एंटी लार्वा स्प्रे का छिड़काव किया जा रहा है. साथ ही लोगों को डेंगु मच्छर से बचने के उपाय भी बताए जा रहे हैं. ताकि मरीजों की संख्या को बढऩे से रोका जा सके. पिछले वर्ष डेंगु के 44 मरीज मिले थे प्रशासन के तत्परता से इस पर रोक लगाई गई थी.
मरीज करा रहे निजी अस्पतालों में इलाज, एमजीएम में नहीं बना वार्ड
अबतक 35 लोगों की जांच में 17 में डेंगू की पुष्टि हो चुकी है. इसके बाद भी सरकारी अस्पतालों में अलग से डेंगू वार्ड या बेड डेंगू मरीजों के लिए अबतक सुरक्षित नहीं रखा गया है.
अबतक जितने भी डेंगू मरीज मिले हैं, उनमें 16 ने निजी अस्पतालों में भर्ती होकर अपना इलाज कराया है. जबकि राज्य में मच्छरजनित बीमारियों में बढ़ोतरी के बाद स्वास्थ्य विभाग ने सभी जिला अस्पतालों में डेंगू वार्ड बनाने का निर्देश दिया था, लेकिन पूर्वी सिंहभूम के एमजीएम अस्पताल में अबतक डेंगू वार्ड नहीं बना है.
सदर व सीएचसी में की गई अलग से बेड की व्यवस्था : सीएस
सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने बताया कि डेंगू को लेकर विशेष तैयारी की गई है. सदर अस्पताल और सभी सीएचसी में अलग से डेंगु मरीजों के लिए बेड और दवा की व्यवस्था कर दी गई है. बुखार पीडि़तों की भी जांच कराने का निर्देश दिया गया है. लोगों को जागरुक भी किया जा रहा है.
एडिज मच्छर के काटने से डेंगू, क्या है लक्षण ?
एडिज मच्छर के काटने से डेंगू होता है. इसका शुरुआती लक्षण बुखार है, सिर में दर्द, मांसपेशी और जोड़ों में दर्द, उल्टी, आंखों के पीछे दर्द, ग्रंथियों में सूजन, त्वचा पर लाल चकत्ते भी इसके प्रमुख लक्षण हैं.
पंसस ने की फॉगिंग की मांग
बागबेडा कॉलोनी के पंचायत समिति सदस्य सुनील गुप्ता ने सिविल सर्जन, बीडीओ और सीओ को मांग पत्र सौंप कर बागबेडड़ा क्षेत्र में फॉगिंग करने की मांग की है. उन्होंने कहा कि बागबेड़ा कॉलोनी में लगातार डेंगू के मरीज बढ रहे हैं, जिसके कारण स्थानीय लोगों में भय व्याप्त हो गया है.

