
उदित वाणी, सरायकेला : सरायकेला जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, कुचाई में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) की ओर से एक विशेष निःशुल्क चिकित्सा जांच शिविर का आयोजन किया गया. इस शिविर का उद्देश्य समाज के हाशिए पर रह रहे वर्गों, विशेषकर दिव्यांगजनों और बिरहोर जनजाति के लोगों को स्वास्थ्य और विधिक सहायता प्रदान करना था.
दिव्यांगजनों की जांच और प्रमाणपत्र वितरण
शिविर के दौरान बड़ी संख्या में दिव्यांग व्यक्तियों की चिकित्सकीय जांच की गई. साथ ही उन्हें उनकी आवश्यकता के अनुसार दिव्यांगता प्रमाणपत्र भी प्रदान किए गए. यह पहल इन लोगों के लिए सरकारी योजनाओं और लाभों की राह को आसान बनाने में सहायक सिद्ध होगी.

बिरहोर समुदाय के लिए विधिक सेवा का विस्तार
बिरहोर जनजाति के सदस्यों को PLV (पैरा लीगल वालंटियर) के माध्यम से शिविर स्थल तक लाया गया. उन्हें न केवल चिकित्सा सुविधा दी गई, बल्कि उनके कानूनी अधिकारों और उपलब्ध न्यायिक विकल्पों की भी जानकारी दी गई. DLSA की यह पहल विधिक साक्षरता और न्याय-सुलभता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है.
एक सार्थक प्रयास की मिसाल
यह शिविर न केवल स्वास्थ्य सेवा का विस्तार था, बल्कि सामाजिक न्याय और समावेशिता की दिशा में उठाया गया एक सकारात्मक कदम भी था. इससे स्पष्ट है कि यदि इच्छाशक्ति हो, तो दूरस्थ वंचित समुदायों तक भी जरूरी सेवाएं पहुँचाई जा सकती हैं.

