
उदितवाणी, जमशेदपुर: केंद्रीय श्रम संगठनों के आह्वान पर 2 दिसंबर को कोल्हान में भी जनता बचाओ – देश बचाओ के नारे के साथ, विभिन्न ट्रेड यूनियनों द्वारा स्वतंत्र कार्यक्रम के अलावा केंद्रीय रूप में संयुक्त कार्यक्रम हुआ.
कोल्हान में केंद्रीय कार्यक्रम के तहत नेताजी सुभाष (आमबगान) मैदान से श्रम संगठनों का संयुक्त मंच के बैनर तले एक रैली निकाली गयी. संगठन के प्रतिनिधियों ने डीसी कार्यालय के समक्ष धरना के बाद उपायुक्त, पूर्वी सिंहभूम के कार्यालय के माध्यम से राष्ट्रपति को 31 सूत्री मांगों को ज्ञापन सौंपा.
मजदूर विरोधी लेबर कोड, नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति , विद्युत संशोधन विधायक तथा वन संरक्षण अधिनियम में जन विरोधी प्रावधानों को रद्द करने के अलावा न्यूनतम मजदूरी एवं न्यूनतम पेंशन में बढ़ोतरी, अनौपचारिक क्षेत्र, ठेकेदार कामगारों तथा स्कीम वर्करों को कानूनी तथा सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने, शहरी रोजगार योजना लागू करने, किसानों के लिए कानूनी रूप से गारंटी कृत एमएसपी सुनिश्चित करने जैसी मांगों के साथ-साथ निजीकरण के प्रयासों पर रोक लगाने तथा एचईसी जैसे सार्वजनिक संगठनों को पुनर्जीवित करने की मांग शामिल है.
मंहगाई, बेरोजगारी, कॉरपोरेट पक्षीय नीति , राष्ट्रीय सम्पदा की लूट और जीवन, आजीविका, अधिकार पर हमलों के विरोध में इस कार्यक्रम में इंटक, एटक, सीटू, एआईयूटीयूसी, ऐक्टू, एचएमएस, एफएमआरएआई के कार्यकर्ताओं के साथ-साथ कई स्वतंत्र फेडरेशनों और यूनियनों के केके त्रिपाठी, संजीव श्रीवास्तव, विश्वजीत देव, विनोद कुमार राय, एन पाल, विनोद लहरी, दिनेश कुमार, अमित दास, मनोज सिंह, एच एम हीरामणि, नागराजू ,टी मुखर्जी, विक्रम कुमार, एस एन सिंह, सुब्रत विश्वास, संजय कुमार आदि शामिल थे.

