
उदित वाणी, जमशेदपुर: टाटा कमिंस का ग्रेड इस माह भी नहीं हो सका. प्रबंधन और यूनियन की सारी नौटंकी के बावजूद ग्रेड समझौता नहीं हो पाया. ग्रेड में 14 माह की देरी हो गई है. कर्मचारियों में यूनियन को लेकर जबर्दस्त आक्रोश है.
कर्मचारी कंपनी परिसर में यूनियन नेताओं को भला बुरा कह रहे हैं और उनका विरोध कर रहे हैं. लाइन में उनके मौजूद रहने को नौटंकी करार दे रहे हैं. यहां तक कि कंपनी के बाहर भी कर्मचारियों में इस यूनियन को लेकर चर्चा आम है कि इस यूनियन ने कर्मचारियों के हित के साथ पूरी सौदेबाजी कर ली है.
यूनियन एक साल से बेहतर ग्रेड कराने की बात कहती आ रही है, लेकिन नतीजा सिफर रहा है. बताया जा रहा है कि इस साल प्रबंधन ग्रेड की मियाद को तीन साल से बढ़ाकर चार साल करने जा रहा है.
प्रबंधन ने ग्रेड में औसत बढ़ोतरी (प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष) 18 हजार के ऊपर करने को तैयार नहीं है. अभी तक कर्मचारियों को यह पता नहीं है कि वेतन में जो बढ़ोतरी होगी, उसमें बेसिक और डीए कितना होगा. प्रबंधन ने ऑन द टेबल के साथ ऑफ द टेबल वार्ता भी की. उल्लेखनीय है कि कंपन का ग्रेड एक अप्रैल 2022 से लंबित है.

