
उदित वाणी, रांची: शहर में जब सडक़ पर गाडिय़ां खड़ी होती हैं तो रांची नगर निगम (आरएमसी) कार्रवाई करता है. लेकिन बरियातू स्थित पल्स हॉस्पिटल की गाडिय़ां जब सडक़ पर लगी रहती हैं तो उस पर आरएमसी की कार्रवाई नहीं होती है. यहां मामला हॉस्पिटल आनेवाली गाडिय़ों का सडक़ पर अवैध कब्जे को लेकर है. नियम के तहत अपने क्षेत्र से बाहर गाड़ी पार्क नहीं होनी चाहिए. लेकिन यहां स्थिति कुछ और ही है. हॉस्पिटल आनेवाली अधिकतर गाडिय़ां नो पार्किंग एरिया में खड़ी रहती हैं. दिनभर गाडिय़ां सडक़ पर ही लगी रहती हैं. जिससे राहगीरों को परेशानी होती है. इससे सडक़ पर भी जाम लगता है. लेकिन इसे लेकर निगम गंभीर नहीं है. इसके अलावा पल्स हॉस्पिटल के मुख्य द्वार के पास सिक्योरिटी बॉक्स भी है. जो सडक़ पर ही अवैध रूप से बना है. इस सिक्योरिटी बॉक्स में ड्यूटी पर तैनात गार्ड रहते हैं. मुख्य द्वार पर ही सडक़ पर दीवार बनी है. इस पर पल्स हॉस्पिटल भी लिखा है. पल्स हॉस्पिटल के बगल में आरपीएस हॉस्पिटल भी है. यह पल्स हॉस्पिटल से 6 फीट पीछे निर्मित है. इन सारे अवैध कब्जों के बाद भी रांची नगर निगम ने पल्स हॉस्पिटल पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की है. इस मामले पर निगम से जुड़े सूत्रों का कहना है कि अब तक निगम में पल्स हॉस्पिटल के अवैध कब्जे को लेकर शिकायत नहीं आई है. इसलिए कार्रवाई नहीं हुई.

