
उदित वाणी, रांची: ईडी की बिशेष अदालत ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ग्रामीण कार्य विभाग के धनकुबेर मुख्य अभियंता वीरेंद्र राम की रिमांड अवधि 4 दिनों के लिए बढ़ा दी.
वहीं मंगलवार को 5 दिनों की रिमांड अवधि पूरी होने के बाद ईडी ने वीरेन्द्र राम को बिशेष न्यायाधीश पी के शर्मा की कोर्ट में पेश किया और अदालत को आवेदन देकर वीरेंद्र राम की रिमांड अवधि बढ़ाने का आग्रह किया. ज्ञात हो कि 22 फरवरी को वीरेंद्र राम के आवास पर छापेमारी के बाद ईडी ने रांची के अशोक नगर स्थित आवास से उन्हें गिरफ्तार किया था और 23 फरवरी को ईडी की बिशेष अदालत में पेश किया गया था.
वीरेद्र राम के ठिकाने पर ईडी की टीम ने लगातार दो दिन छापेमारी करके लगभग डेढ़ करोड़ के जेवरात, 25 लाख रुपये नगद, एक दर्जन लग्जरी वाहन समेत करोड़ों रूपये फर्जी कंपनियों में निवेश संबंधी कागजात, पेन ड्राइव इत्यादि मिला था.
वीरेद्र राम के पास लगभग 125 करोड़ रूपये से अधिक की संपत्ति की जानकारी ईडी मिली है। जिसमें 30 करोड़ रूपये से अधिक राशि से राम ने सिर्फ दिल्ली में फलैट व जमीन के प्लाॅट खरीदा है.
बड़हरवा एसडीपीओ प्रमोद कुमार मिश्रा को तीसरी बार भेजा समन
इधर साहिबगंज जिले के बड़हरवा टोल प्लाजा विवाद मामले में जांच कर रही ईडी ने तत्कालीन बड़हरवा एसडीपीओ प्रमोद कुमार मिश्रा को तीसरी बार समन भेजा और ईडी के एयरपोर्ट रोड स्थित जोनल कार्यालय में पूछताछ के लिए 6 मार्च को हाजिर होने का निर्देश दिया.
इससे पहले ईडी द्वारा भेजे गए दो समन पर मिश्रा ईडी के सामने पेश नहीं हुए. वहीं डीएसपी मिश्रा को समन किये जाने को लेकर राज्य सरकार ने ईडी के अधिकारों के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय में चुनौती दी थी. लेकिन राज्य सरकार की याचिका एक दिन पहले ही खारिज हो चुकी है.
डीएसपी प्रमोद मिश्रा पर आरोप है कि उन्होंने बड़हरवा टोल प्लाजा मामले में आरोपी राज्य सरकार के ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के बरहेट विधानसभा क्षेत्र के प्रतिनिधि पंकज मिश्रा को 24 घंटे के अंदर क्लीन चिट दे दी थी.
ईडी ने डीएसपी प्रमोद मिश्रा के अलावा बिरसा मुण्डा केंद्रीय कारा के अधीक्षक हामिद अख्तर को भी पूछताछ करने के लिए दोबारा समन भेजा है और 7 मार्च को पेश होने का आदेश दिया है. जेल में मोबाइल फोन से पंकज मिश्रा की लोगों से बातचीत कराने के मामले ईडी हामिद अख्तर से पूछताछ करेगी.
पंकज मिश्रा की जमानत अर्जी हाईकोर्ट ने की खारिज
इधर लगभग 1000 करोड़ रुपए के अवैध खनन से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आरोपी मुख्यमंत्री के विधायक प्रतिनिधि पंकज मिश्रा की जमानत याचिका को झारखंड हाईकोर्ट ने खारिज कर दी.
मंगलवार को मामले में हाईकोर्ट के जस्टिस गौतम कुमार चौधरी की अदालत ने ईडी व मिश्रा दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद पंकज मिश्रा की जमानत याचिका खारिज की. वहीं पंकज मिश्रा ने मेडिकल ग्राउंड पर जमानत की अर्जी दी थी.

