
उदित वाणी जमशेदपुर: झारखंड सरकार के पर्यटन, कला, संस्कृति, खेलकूद एवं युवा कार्य विभाग के सौजन्य से, कल शुक्रवार, एक अगस्त को कलामंदिर – द सेलुलॉयड चैप्टर आर्ट फाउंडेशन द्वारा एक दिवसीय ‘सिंहभूम जनजातीय एवं पारंपरिक नृत्य कार्यक्रम’ का आयोजन कुडी मोहंती ऑडिटोरियम, कदमा में किया जाएगा. कार्यक्रम का शुभारंभ पूर्वाह्न 10:30 बजे दीप प्रज्वलन के साथ होगा. यह कार्यक्रम लगभग तीन घंटे तक चलेगा, जिसमें झारखंड की समृद्ध जनजातीय एवं पारंपरिक सांस्कृतिक विरासत को दर्शाने वाली प्रमुख नृत्य शैलियों की प्रस्तुति दी जाएगी. इसमें विभिन्न क्षेत्रों से आए लोक कलाकार पारंपरिक नृत्य प्रस्तुत करेंगे.
कार्यक्रम में प्रस्तुत किए जाने वाले प्रमुख नृत्य प्रदर्शन:
• मागे नृत्य – जगाई मुंडा एवं साथी, कुचाई (सरायकेला-खरसावाँ)
• बाहा नृत्य – कपरा सोरेन एवं साथी, गोगो (धालभूमगढ़)
• दसाई नृत्य – बुधराई टुडू एवं साथी, पलासबानी (धालभूमगढ़)
• फिरकाल नृत्य – मधु सरदार एवं साथी, जानुमडीह (पोटका)
• खरसावाँ छऊ नृत्य – परमानन्द नन्दन एवं साथी, खरसावाँ (सरायकेला-खरसावाँ)
• मानभूम छऊ नृत्य – गुलाब सिंह मुंडा एवं साथी, ईचागढ़ (सरायकेला-खरसावाँ)
इस सांस्कृतिक आयोजन का उद्देश्य सिंहभूम अंचल की जनजातीय परंपराओं और लोकनृत्यों को प्रोत्साहित करना है. कार्यक्रम आम जनता के लिए खुला है.

