
उदित वाणी, जमशेदपुर : दक्षिण पूर्व रेलवे के टाटानगर मंडल अंतर्गत मखदुमपुर क्षेत्र में बुधवार को रेलवे प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया. इस अभियान के तहत रेलवे की जमीन पर अवैध रूप से बसे करीब 10 घरों को हटाया गया, जिससे लगभग 12 परिवारों को स्थानांतरित होना पड़ा. दोपहर 12 बजे शुरू हुआ यह अभियान करीब ढाई घंटे तक चला और दोपहर 2:30 बजे तक रेलवे की करीब 4000 वर्गफीट जमीन को अतिक्रमण मुक्त कर दिया गया.

रेलवे के अनुसार यह जमीन रेलवे की परिसंपत्तियों और भविष्य के बुनियादी ढांचे के विकास कार्यों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है. लंबे समय से यहां अतिक्रमणकारियों द्वारा अवैध रूप से झोपड़ियां और अस्थायी ढांचे बनाकर निवास किया जा रहा था. कई बार नोटिस देने और समझाने के बावजूद जब लोग स्थान खाली करने को तैयार नहीं हुए, तब रेलवे ने प्रशासन के सहयोग से यह कार्रवाई की.
अभियान के दौरान रेलवे की आरपीएफ (रेलवे सुरक्षा बल), स्थानीय प्रशासन और रेलवे इंजीनियरिंग विभाग की संयुक्त टीम मौके पर मौजूद रही. कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई और किसी प्रकार के विरोध या झड़प की खबर नहीं है.

रेलवे अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान चरणबद्ध तरीके से अन्य अतिक्रमण वाले क्षेत्रों में भी जारी रहेगा. उनका कहना है कि रेलवे की जमीन पर अवैध कब्जा न केवल विकास कार्यों में बाधा उत्पन्न करता है, बल्कि सुरक्षा के लिहाज़ से भी खतरनाक होता है.
इस बीच प्रभावित परिवारों ने बताया कि वे कई वर्षों से यहां रह रहे थे और अचानक बेदखल होने से उन्हें परेशानी हो रही है. कुछ लोगों ने वैकल्पिक व्यवस्था की मांग भी की. हालांकि रेलवे ने स्पष्ट किया कि यह जमीन सरकारी है और अतिक्रमण के खिलाफ यह आवश्यक कार्रवाई थी. रेलवे प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे रेलवे की भूमि पर अवैध कब्जा न करें, अन्यथा सख्त कार्रवाई की जाएगी.

