
उदित वाणी, जमशेदपुर: जिले के शिक्षकों को बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली में उपस्थिति दर्ज करने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है. इसे लेकर झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ पूर्वी सिंहभूम द्वारा जिला शिक्षा अधीक्षक को एक ज्ञापन सौंपा गया है.
संघ द्वारा कहा गया कि विभागीय दिशा निर्देश के अनुसार जिले के सभी शिक्षक बायोमैट्रिक उपस्थिति प्रणाली के तहत विद्यालय को उपलब्ध कराए गए टैब से ई-विद्या वाहिनी पोर्टल के माध्यम से उपस्थिति दर्ज करते हैं. जिले के कुछ शिक्षकों द्वारा टैब में तकनीकी समस्या उत्पन्न हो जाने के कारण मैनुअल रूप से उपस्थिति दर्ज की है.
जिसके कारण सभी निकासी एवं व्ययन पदाधिकारियों द्वारा आजतक माह जनवरी 2023 का वेतन भुगतान नहीं किया गया है. शिक्षकों ने कहा कि वर्तमान समय में टैब एवं उसकी बैटरी काफी पुरानी हो चुकी है.
वहीं स्कैनर भी खराब है। कई विद्यालय में नेटवर्क की भी समस्या रहती है. इसके कारण अधिकांश शिक्षक टैब की जगह निजी मोबाइल से ही बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज कर रहे हैं. शिक्षक जब समय से स्कूल पहुंचते हैं तो नेटवर्क या बैटरी डाउन होने के कारण एक-दो दिन बायोमैट्रिक उपस्थिति दर्ज नहीं कर पाते हैं.
इस कारण संघ ने मांग की है कि विभाग पहले स्कूलों में नये टैब की आपूर्ति करे और नेटवर्क की समस्या दूर करे. नहीं तो शिक्षक भी अपने निजी मोबाईल से बायोमेट्रिक उपस्थिति नहीं बनाएंगे.
संघ ने चेतावनी दी कि बिना तकनीकी समस्या दूर किए हुए पूरे जिले के शिक्षकों का वेतन निकासी एवं व्ययन पदाधिकारियों द्वारा रोका जाना कदापि उचित नहीं है. इसके खिलाफ जिले के शिक्षकों में काफी आक्रोश है.
झारखंड सरकार के दिशा निर्देश के अनुसार सभी विभाग के कर्मियों को बायोमेट्रिक उपस्थिति बनाना है परंतु कोविड-19 के बाद सभी विभागों में बायोमेट्रिक उपस्थिति बंद कर दिया गया है. सिर्फ शिक्षकों को ही मानसिक रूप से प्रताड़ित कर बायोमेट्रिक उपस्थिति बनाने का दबाव बनाया जा रहा है. झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ इसका कड़ा विरोध करते हुए अविलंब वेतन भुगतान करने की मांग करता है.

