
उदित वाणी, जमशेदपुर: झारखंड अधिविद्य परिषद की ओर से इस बार आयोजित मैट्रिक और इंटमीडिएट साइंस की परीक्षा का परिणाम घोषित कर दिये जाने के बाद शहर के कुछ कॉलेजों में 11वीं कक्षा में नये एडमिशन लेने की तैयारी कर ली गयी है.
वहीं कुछ कॉलेजों को अभी सरकार की गाइडलाइन का इंतजार है. अधिकतर कॉलेजों में अभी वेट एंड वाच की स्थिति हैं. वहीं जमशेदपुर वीमेंस यूनिवर्सिटी में इस बार इंटमीडिएट (11वीं) में नये एडमिशन को लेकर संशय की स्थिति बनी हुई है. इस बीच करीम सिटी कालेज सरीखे इंटर सेक्शन में दाखिले की प्रक्रिया शुरू भी कर दी गई है, इसके लिए आवेदन पत्र वितरित किए जा रहे हैं.
जैक समेत आईसीएसई व सीबीएसई की ओर से 10वीं का परिणाम जारी किया जा चुका है. ऐसे में अब इंटर की कक्षाएं संचालित करने वाले कॉलेजों में दाखिले की प्रक्रिया शुरू करने की तैयारियां शुरू कर दी गई है.
एक-दो दिनों में नामांकन की प्रक्रिया शुरू भी कर दी जाएगी. पहले चरण में सभी कॉलेजों में विषयवार 540 सीटों पर इंटर में दाखिला लिया जाएगा. जैक की ओर से 540 सीटों की लिमिट सभी इंटर कॉलेजों के लिए तय कर दी गई है. जमशेदपुर में सभी डिग्री कॉलेजों में अलग से इंटर सेक्शन संचालित किया जाता है.
इनमें दाखिले के लिए विद्यार्थियों में होड़ रहती है. मसलन, करीम सिटी कॉलेज, ग्रेजुएट कॉलेज, को-ऑपरेटिव कॉलेज, एबीएम कॉलेज, एलबीएसएम कॉलेज, वर्कर्स कॉलेज, विमेंस कॉलेज (यूनिवर्सिटी परिसर) में सर्वाधिक आवेदन आते हैं.
इन सभी कॉलेजों में विषयवार 540 सीटें उपलब्ध होंगी. आवेदन अधिक आने पर जैक से सीटें बढ़ाने का आग्रह किया जाएगा. बहरहाल, इनमें से अधिकतर कॉलेजों में इंटर में साइंस में दाखिला लेने के लिए कटअफ 80 से 90 के बीच रखा जाएगा. पिछले बार अधिकतर कॉलेजों ने साइंस के लिए कटऑफ 80 प्रतिशत रखा था.
हालांकि इस बार डिग्री कॉलेजों में यूजीसी की गाइडलाइन के कारण नामांकन को लेकर विश्वविद्यालय व उच्च शिक्षा विभाग के निर्देश का इंतजार किया जा रहा है, इस कारण उहापोह की स्थिति बरकरार है.
को-ऑपरेटिव और एबीएम कॉलेज में कोई निर्णय नहीं
चूंकि यूजीसी की गाइलडाइन और नयी शिक्षा नीति के प्रावधानों के मुताबिक डिग्री कॉलेजों से इंटरमीडिएट को अलग किया जाना है. इसे लेकर कुछ कॉलेज इंडमीडिएट (11वीं) में एडमिशन लेने को लेकर अभी कुछ बता पाने की स्थिति में नहीं है.
वहां एडमिशन को लेकर अभी कुछ ठोस निर्णय नहीं हो सका है. जमशेदपुर को-ऑपरेटिव कॉलेज के प्राचार्य डॉ अमर सिंह ने बताया कि फिलहाल कॉलेज वेट एंड वाच की स्थिति में है. तीन-चार दिनों में यदि सरकार की ओर से कोई गाइडलाइन प्राप्त होता है, तो उसका अनुपालन किया जायेगा. अन्यथा पूर्ववत एडमिशन लिये जाने पर विचार किया जायेगा.
कमोबेश यही स्थिति गोलमुरी स्थित एबीएम कॉलेज में भी है. जमशेदपुर वर्कर्स कॉलेज के प्राचार्य डॉ एसपी महालिक ने बताया कि इंटमीडिएट में एडमिशन को लेकर नयी शिक्षा नीति-2020 के मद्देनजर जैक से गाइडलाइन मांगा गया है.
जबतक गाइडलाइन प्राप्त नहीं होता है, कुछ नहीं कहा जा सकता है. इसके अलावा यह भी देखा जायेगा कि अन्य कॉलेज जैसा करेंगे, वैसा किया जायेगा.
एलबीएसएम में तैयारी, ग्रेजुएट कॉलेज में ऑनलाइन आवेदन व कटऑफ तय
जमशेदपुर के करनडीह स्थित एलबीएसएम कॉलेज में एडमिशन की तैयारी कर ली गयी है. कॉलेज प्रशासन को इंटर कॉमर्स और आर्ट्स के रिजल्ट का इंतजार है. चूंकि इंटरमीडिएट में एडमिशन को लेकर सरकार की ओर से अभी कोई नया गाइडलाइन नहीं आया है.
अतः इंटमीडिएट में भी नये एडमिशन की तैयारी की गयी है. वहीं साकची स्थित द ग्रेजुएट स्कूल कॉलेज ऑफ वीमेन की प्राचार्या डॉ मुकुल खंडेलवाल ने बताया कि एडमिशन को लेकर आज ही उन्होंने मीटिंग की है. ग्रेजुएट कॉलेज में इंटरमीडिएट में एडमिशन के लिए प्रोस्पेक्टस का वितरण नहीं किया जायेगा, बल्कि ऑनलाइन आवेन करना होगा.
कॉलेज की ओर से इंटरमीडिएट में एडमिशन के लिए कटऑफ भी तय कर लिया गया है. डॉ खंडेलवाल ने बताया कि कॉमर्स में एडमिशन के लिए कम से कम 70 प्रतिशत अंक अनिवार्य है. जबकि आर्ट्स में एडमिशन के लिए 65 और साइंस में एडमिशन के लिए 60 प्रतिशत प्राप्तांक अनिवार्य है.
जमशेदपुर वीमेंस यूनिवर्सिटी में असमंजस की स्थिति
जमशेदपुर वीमेंस यूनिवर्सिटी से मिली जानकारी के अनुसार इस बार यहां इंटरमीडिएट में एडमिशन को लेकर संशय की स्थित है. चूंकि यूजीसी का गाइलडाइन और नयी शिक्षा नीति-2020 के प्रावधानों का पालन किया जाना है.
यानी इंटरमीडिएट को डिग्री कॉलेज से अलग किया जाना है. इसके मद्देनजर देखा जाये, तो इस साल से यूनिवर्सिटी में इंटरमीडिएट में एडमिशन पर संशय की स्थिति या यह कहें कि संभव नहीं है.

