
राज्य में शराब के शौकिनों को रास नहीं आ रही नई नीति
शराब की किल्लत, डेढ़ गुणा दाम पर बिक रही शराब
उदित वाणी, जमशेदपुर: इन दिनों शाम होते ही मयखानों में शराब के शौकीन राज्य सरकार को खूब कोस रहे हैं. दरअसल जब से सरकार ने राज्य में नई शराब नीति लागू की है तभी से शराब की किल्लत शुरू हो गई है. बाजार में डेढ़ गुणा दाम पर शराब की बिक्री हो रही है. शराब की दुकानों पर स्टॉक नहीं है का बोर्ड टांग दिया जा रहा. यही कारण है कि कम सप्लाई होने के कारण ब्लैक मार्केटिंग करने वाले शराब को ब्लैक में बेच रहे हैं. यही कारण है कि पड़ोसी राज्यों बंगाल व ओडिशा से शराब की तस्करी की जा रही है. दोनों पड़ोसी राज्यों में शराब की कीमत कम होने के कारण वहां से शराब मंगाकर झारखंड में बेचा जा रहा है.
एक ओर शराब की दुकानों पर जो ब्रांड उपलब्ध नहीं हैं ले ब्रांड बस्तियों के अवैध शराब अड्डों, होटल और ढा़बों में आसानी से मिल रहे है. यहीं हाल राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 33 का है जहां अतिरिक्त पैसे के भुगतान पर सब प्रकार की शराब मिल जा रही है.
एमआरपी से ज्यादा वसूले जा रहे कीमत
लाइसेंसी शराब दुकानों में एमआरपी से ज्यादा कीमत वसूली जा रही है जिसके कारण हमेशा ग्राहकों और दुकानदारों के बीच बकझक हो रही है. विभाग के अनुसार दुकानदारों को एमआरपी से ज्यादा नहीं वसूलना है. बाकायदा दुकान के बाहर प्राइज लिस्ट को टांगना है. लेकिन किल्लत के कारण कालाबाजारी करने वालों के प्रभाव में दुकानदार भी जमकर फायदा वसूल रहे हैं. शहर में कुछेक दुकानदारों ने ही दुकान के बाहर लिस्ट लगा रखी है.
जिले में जमकर हो रही तस्करी
झारखंड के पड़ोसी राज्यों बंगाल व ओडिशा में काफी कम कीमत पर शराब की बिक्री हो रही है, इससे इन राज्यों से जमकर शराब की तस्करी हो रही है. बॉर्डर में चेकनाका में दे लेकर भारी मात्रा में शराब इन राज्यों से पूर्वी सिंहभूम जिले में लायी जा रही है. इधर कमलपुर थाना क्षेत्र के बंगाल बॉर्डर और उधर तिरिंग गेट क समीप ओडिशा बॉर्डर से जमकर शराब की तस्करी की जा रही है. जो शराब यहां 750 में फूल बोलत मिल रही है तो वहां 550-600 में मिल रही है. 30 से 40 प्रतिशत का अंतर देखने को मिल रहा है.
प्रिंट रेट से ज्यादा मूल्य मांगने पर करें शिकायत, होगी कारवाई : सहायक आयुक्त
सहायक उत्पाद आयुक्त एके मिश्रा कहते हैं दुकान के बाहर प्राइज लिस्ट लगाने का निर्देश हैं. अगर दुकानदार प्रिंट से ज्यादा मूल्य मांगता है तो इसकी शिकायत करें, कारवाई की जाएगी. अभी जिले में गोदाम नहीं होने के कारण सरायकेला में बने गोदाम से ही शराब की आपूर्ति की जा रही है जिससे थोड़ी परेशानी हो रही है. जिले में गोदाम बन जाने से किल्लत भी दूर कर ली जाएगी.

