
उदित वाणी, जमशेदपुर : झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग (जेएसईआरसी) द्वारा गोलमुरी क्लब में टाटा स्टील और टाटा पावर कंपनी लिमिटेड के प्रस्तावित बिजली टैरिफ बढ़ोतरी पर जनसुनवाई के दौरान जवाहर लाल शर्मा ने कंपनी के मुनाफे और नागरिक सुविधाओं पर गंभीर सवाल उठाए.
सुनवाई में उन्होंने बिजली शुल्क में किसी भी बढ़ोतरी का विरोध करते हुए मांग की कि दरों में कमी की जाए. शर्मा ने कहा कि टाटा पावर ने तीसरी तिमाही में 1194 करोड़ और दूसरी तिमाही में 1245 करोड़ का शुद्ध लाभ कमाया है, यानी कुल 2439 करोड़ का मुनाफा. दोनों कंपनियां एक ही ग्रुप की हैं, इसलिए कोई घाटा नहीं है. ऐसे में शुल्क बढ़ोतरी का कोई औचित्य नहीं, बल्कि कमी होनी चाहिए.
उन्होंने टाटा स्टील के लीज एग्रीमेंट का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि कंपनी शहर के नागरिकों को बिजली, पानी जैसी सुविधाएं नहीं दे रही, जबकि उड़ीसा के कुछ नगर निगमों में ढाई लाख परिवारों को ऐसी सुविधाएं देने का वादा किया गया है. यह सुनवाई टाटा स्टील और टाटा पावर के टैरिफ प्रस्तावों पर हो रही है, जहां उपभोक्ताओं से सुझाव मांगे जा रहे हैं. आयोग इन पर अंतिम निर्णय लेगा.
