
उदित वाणी, जमशेदपुर : साल 2025 समाप्त होने को आया है अगर पुरे झारखंड की बात करें तो सबसे ज्यादा सडक़ दुर्घटना में मरने वालों की संख्या जमशेदपुर में ही दर्ज की गई है. इस साल जनवरी से अब तक कुल 273 सडक़ दुर्घटना में 176 लोगों की जान चली गई, सबसे ज्यादा आश्चर्य की बात ये है कि इनमें से 100 से भी ज्यादा लोगों की मौत केवल इस कारण से हुई कि उन्होंने हेलमेट नहीं पहना था या कार का सीट बेल्ट नहीं लगाया था. उपरोक्त जानकारी बुधवार को उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी की अध्यक्षता में यातायात एवं सडक़ सुरक्षा की बैठक में ट्रैफिक डीएसपी ने साझा की.
बैठक में पुलिस अधीक्षक (नगर) कुमार शिवाशीष, एडीएम लॉ एंड ऑर्डर भगीरथ प्रसाद, एसडीएम धालभूम चंद्रजीत सिंह, एसडीपीओ घाटशिला अजीत कुजूर, डीएसपी ट्रैफिक नीरज, डीएसपी हेडक्वार्टर भोला प्रसाद व अन्य डीएसपी, एमवीआई सूरज हेंब्रम समेत अन्य संबंधित विभागीय पदाधिकारी, ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के प्रतिनिधि बैठक में शामिल हुए. बैठक में बैठक में स?क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण हेतु आवश्यक सुरक्षात्मक उपाय, सडक़ सुरक्षा नियमों के सख्ती से अनुपालन के साथ-साथ हिट एंड रन मामलों में मुआवजा भुगतान एवं अन्य संबंधित विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई. मौके पर सडक़ दुर्घटना में घायल व्यक्ति को गोल्डन ऑवर में अस्पताल पहुंचाने पर जादूगोड़ा के गुड समारिटन धरनी दास को नकद 2000 रू. एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया.
चिन्हित ब्लैक स्पॉट में पिछले छह माह में कोई सडक़ दुर्घटना नहीं
बैठक में समीक्षा में यह बात सामने आई कि पूर्व से चिन्हित ब्लैक स्पॉट में पिछले छह माह में कोई सडक़ दुर्घटना नहीं हुई है. नेशनल हाईवे में डिमना से बड़ाजुड़ी एवं धालभूमगढ़ से बहरागोड़ा के बीच सडक़ दुर्घटनाएं रिपोर्ट की गई है जिनमें मुख्य कारण ओवरस्पीडिंग, रॉन्ग साइड ड्राइविंग और सुरक्षा उपायों के अनदेखी से जानमाल का नुकसान हुआ है.
पेट्रोल पंप संचालकों को बिना हेलमेट पेट्रोल नहीं देने का निर्देश
न्यू ईयर सेलिब्रेशन के मद्देनजर उत्पाद एवं पुलिस विभाग के पदाधिकारी को निर्देशित किया गया कि अनुज्ञप्ति प्रदत्त शराब दुकानों के आसपास होटल-ढाबों, सार्वजनिक स्थलों एवं गैर लाइसेंसी स्थलों में शराब का सेवन और बिक्री नहीं हो इसे सुनिश्चित करेंगे. साथ ही पेट्रोल पंप संचालकों से भी ग्राहकों को बिना हेलमेट पेट्रोल नहीं देने के लिए निर्देशित किया गया ड्रंक एण्ड ड्राईव पर नियंत्रण करने के लिए नियमित रूप से ब्रेथ एनेलाईजर की मदद से प्रमुख मार्गो तथा चौक चौराहों पर चेकिंग अभियान चलाने, स्टंट बाइकर्स गैंग को चिन्हित कर कठोरतम कार्रवाई, मोडिफाइड साइलेंसर, हॉर्न आदि पर भी कार्रवाई हेतु निर्देशित किया गया.

