
उदित वाणी, जमशेदपुर : दक्षिण पूर्व रेलवे जोन के मुख्य संरक्षा आयुक्त (सीआरएस) कमल किशोर सिन्हा ने बुधवार को टाटानगर रेलवे स्टेशन और उसके आसपास के क्षेत्रों का निरीक्षण किया। उनके दौरे का मुख्य उद्देश्य रेलवे परिचालन में प्रयुक्त सुरक्षा संसाधनों और सुविधाओं की स्थिति की जांच करना था।
सीआरएस सुबह टाटानगर पहुंचे, जहां उन्होंने सबसे पहले रेलवे की एक्सीडेंट रिलीफ ट्रेन और उससे जुड़ी व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान रेलवे अधिकारियों ने उन्हें सुरक्षा मानकों, आपदा प्रबंधन से जुड़ी तैयारियों और उपलब्ध इंफ्रास्ट्रक्चर की जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि आपातकालीन परिस्थिति में किस तरह राहत कार्य संचालित किए जाते हैं और इसके लिए किस प्रकार की मशीनरी, उपकरण और टीम तैयार रहती है।
निरीक्षण के क्रम में सीआरएस ने हल्दीपोखर रेलवे हाल्ट और वहां स्थित यार्ड का भी जायजा लिया। उन्होंने यहां मालगाड़ियों में लोडिंग-अनलोडिंग की व्यवस्था, सुरक्षा उपायों और ट्रैक की स्थिति का अवलोकन किया। उन्होंने अधिकारियों को समय-समय पर इन व्यवस्थाओं की जांच करते रहने और सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता न करने की हिदायत दी।
इसके बाद वे बादामपहाड़ मार्ग की ओर रवाना हुए। सीआरएस की योजना है कि वह टाटानगर से बादामपहाड़ तक स्टेशन-दर-स्टेशन निरीक्षण करेंगे। इस दौरान हर स्टेशन की संचालन व्यवस्था, सिग्नलिंग, सुरक्षा संसाधन और ट्रैक की गुणवत्ता का मूल्यांकन किया जाएगा। निरीक्षण दल में चक्रधरपुर मंडल के एडीआरएम सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
रेलवे अधिकारियों का मानना है कि इस निरीक्षण से न केवल सुरक्षा मानकों को और मजबूती मिलेगी, बल्कि रेलवे परिचालन की दक्षता और यात्रियों को बेहतर सुविधा भी सुनिश्चित होगी।

