
उदित वाणी, जमशेदपुर: टाटा कमिंस के ग्रेड को लेकर टाटा कमिंस के जमशेदपुर प्लांट प्रबंधन और टॉप यूनियन नेताओं के बीच मंगलवार शाम को फिर से वार्ता हुई. वार्ता में यूनियन भी चार साल के ग्रेड पर सहमत हो गयी है.
वैसे सूत्रों का कहना है कि पूर्व प्लांट हेड मनीष झा ने यूनियन के साथ बैठक कर बोनस के सारे बिन्दुओं पर सहमति बना ली है. प्रबंधन को इंतजार अब सही वक्त का है, जब ग्रेड समझौता पर हस्ताक्षर होगा. यह समझौता टाटा कमिंस की एचआर हेड पल्लवी देसाई के आने के बाद ही होगा.
ग्रेड में देरी से कर्मचारियों के सब्र का बांध टूट रहा
ग्रेड में हो रही देरी से कर्मचारियों के सब्र का बांध टूटने लगा है. कर्मचारियों का कहना है कि यूनियन की नई टीम, प्रबंधन के साथ मिलकर नौटंकी कर रही है. कभी कैंटीन बहिष्कार की बात करती है तो कभी कुछ और.
जबकि अंदरखाने सबकुछ सेंटिंग हो गया है. ये कर्मचारी सवाल उठाते हैं कि कौन-सा ग्रेड है, जिसे लेकर पिछले नौ माह से बात की जा रही है. कर्मचारियों को मूर्ख बनाया जा रहा है और अब उन्हें समझ में आ गया हैं.
यूनियन की ओर से ग्रेड के स्टेटस पर कर्मचारियों को कोई जानकारी नहीं दी जा रही. इससे उनमें उहापोह की स्थिति बनी हुई है.
एक साल से ज्यादा हो गये ग्रेड लंबित हुए
टाटा कमिंस के कर्मचारियों के ग्रेड एक अप्रैल 2022 से लंबित है. पहले यूनियन चुनाव को लेकर साल भर तक नौटंकी चली, जब यूनियन चुनाव हो गया तो ग्रेड को लेकर लेट लतीफी जारी है. जबकि यूनियन की नई टीम ने सत्ता में आने के बाद जल्द बेहतर ग्रेड कराने को कहा था.

