
उदित वाणी, जमशेदपुर: जमशेदपुर विमेंस यूनिवर्सिटी में एक बार फिर इंटर नामांकन को लेकर छात्राओं ने आंदोलन की राह पकड़ ली है. विश्वविद्यालय प्रशासन नए सत्र में यहां इंटर में नामांकन लेने के सवाल पर मौन है और अंदर ही अंदर इस बार नामांकन की प्रक्रिया को टालने की तैयारी है, इसलिए विरोध के सुर मुखर होने लगे हैं.
सोमवार को एनएसयूआई ने जमशेदपुर विमेंस यूनिवर्सिटी पहुंचकर इंटर में नए सत्र में हर हाल में दाखिला लेने की मांग पर विरोध-प्रदर्शन किया.
छात्राओं ने विरोध-प्रदर्शन के दौरान कहा कि जब पिछले एक साल से जमशेदपुर विमेंस यूनिवर्सिटी में इंटर सेक्शन का संचालन किया जा सकता है तो इस साल क्यों नहीं. छात्राओं ने कहा कि कोल्हान विश्वविद्यालय के सभी अंगीभूत कॉलेजों में डिग्री कॉलेज होने के बावजूद इंटर सेक्शन का अलग से संचालन किया जा रहा है. वर्षों से ऐसा हो रहा है, कहां किसी का फंड रुका या यूजीसी की कार्रवाई हुई.
जब सभी कॉलेजों में पहले से यह चल रहा है और इस साल भी सभी एडमिशन ले रहे हैं तो विमेंस यूनिवर्सिटी में क्या विशेष प्रावधान किया जा रहा है. छात्राओं के विरोध-प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे एनएसयूआई के प्रदेश संयोजक प्रभजोत सिंह राठौर ने कहा कि विमेंस यूनिवर्सिटी प्रशासन ने छात्राओं के साथ ज्यादती की तो व्यापक आंदोलन किया जाएगा.
इस दौरान छात्राओं के प्रतिनिधिमंडल ने विमेंस यूनिवर्सिटी के रजिस्ट्रार से मुलाकात की और उन्हें इंटर सेक्शन को पहले की तरह संचालित किए जाने की मांग की. साथ ही चेतावनी दी कि विवि में इंटर सेक्शन को बंद किया जाता है तो विमेंस यूनिवर्सिटी को आंदोलन का सामना करना पड़ेगा.
विमेंस विवि में भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों के प्रति किया सजग
जमशेदपुर विमेंस यूनिवर्सिटी के इग्नू बीएड प्रोग्राम के कार्यशाला के प्रथम सत्र में सोमवार को शिक्षार्थियों ने वाद्य-यंत्र संग प्रार्थना सभा आयोजित की. कार्यक्रम की को-ऑर्डिनेटर डॉ. त्रिपुरा झा ने भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों के प्रति सजग करते हुए शिक्षा शास्त्रियों के योगदान को रेखांकित किया.
प्रथम एवं द्वितीय सत्र के संसाधन सेवी डॉ सुचिता भुइयां ने गतिविधि शिक्षित समूह आयोजित कर पाठ योजना निर्माण करवाया एवं शिक्षक कक्षा कक्ष में पाठ्यचर्या के दौरान बोधगम्य प्रश्नों को पढ़कर विवेचनात्मक चिंतन विकसित करने की विस्तारपूर्ण व्याख्या की.
इस क्रम में उन्होंने विभिन्न डिजिटल संसाधन की उपयोग की तकनीक के प्रति जागरूक किया. इसमें शैक्षिक वीडियो, ऑडियो, चित्र, दस्तावेज आदि की जानकारी दी गई. तृतीय एवं चर्तुथ सत्र में कक्षा कक्ष आंकलन के लिए संकल्पनात्मक मानचित्र सॉफ्टवेयर का उपयोग कैसे किया जाए.
इस विषय पर संसाधन सेवी सोनी कुमारी ने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन प्रस्तुतीकरण दिया एवं द्वितीय सत्र में उनके प्रश्नों का निराकरण करवाया.
विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधि छात्र सत्र समाप्त से पूर्व इग्नू बीएड के जमशेदपुर विमेंस यूनिवर्सिटी की कुलपति डॉ. अंजिला गुप्ता से भेंटकर अपनी कार्यशाला के संपूर्ण गतिविधि की जानकारी दी. कुलपति ने प्रशिक्षुओं से मुलाकात की. सत्र को सफल बनाने में नेहा मिंज, डॉ़ त्रिपुरा झा, प्रभाकर राव, उपेंद्र शर्मा का महत्वपूर्ण योगदान रहा। राष्ट्रगान के संग कार्यशाला के दसवें दिन के सत्र का समापन हुआ.


