
उदित वाणी, जमशेदपुर : उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान ने गोलमुरी-सह-जुगसलाई प्रखंड के एडलबेड़ा गांव का दौरा कर अबुआ आवास योजना और बिरसा हरित ग्राम योजना के अंतर्गत चल रहे कार्यों का निरीक्षण किया. उन्होंने आम बागवानी और मिश्रित बागवानी के स्थलों का भी अवलोकन किया.
ग्रामीणों से सीधा संवाद, जमीनी हालात की परख
निरीक्षण के दौरान उप विकास आयुक्त ने ग्रामीणों से सीधे संवाद स्थापित कर योजनाओं के लाभ, क्रियान्वयन की स्थिति और प्रगति की वास्तविक जानकारी ली. उन्होंने अधिकारियों और फील्ड स्टाफ को निर्देशित किया कि योजनाओं में पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए.
अबुआ आवास : लाभुकों को मिले पूरा सहयोग
अबुआ आवास योजना के अंतर्गत लाभुकों को निर्माण कार्य में आवश्यक सहयोग और निरंतर निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए. उन्होंने स्पष्ट किया कि लाभुकों के आवास निर्माण की प्रगति की रीयल टाइम मॉनिटरिंग अनिवार्य है.
बिरसा हरित ग्राम : हरियाली से आजीविका का संवर्धन
बिरसा हरित ग्राम योजना के अंतर्गत की जा रही बागवानी को उप विकास आयुक्त ने ग्रामीण आजीविका के लिए महत्वपूर्ण साधन बताया. उन्होंने इस योजना के स्थायित्व और सतत लाभ के लिए निरंतर देखरेख और स्थानीय सहभागिता की आवश्यकता पर बल दिया.
Geo-tagging में लापरवाही पर सख्त रुख
निरीक्षण के दौरान उप विकास आयुक्त ने यह पाया कि 30 पंचायतों में अब तक Geo-tagging कार्य पूर्ण नहीं हुआ है. उन्होंने निर्देश दिया कि सोमवार तक यह कार्य अनिवार्य रूप से पूरा किया जाए, अन्यथा संबंधित पंचायतों के विरुद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.
उत्तरदायित्व और अनुशासन ही योजनाओं की सफलता की कुंजी
उप विकास आयुक्त ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जवाबदेही और पारदर्शिता योजनाओं की आत्मा हैं. किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने संबंधित अधिकारियों को जन सहभागिता और नियमित रिपोर्टिंग के साथ योजनाओं की प्रभावशीलता बढ़ाने पर बल दिया.

