
उदित वाणी, जमशेदपुर : मानगो गोलचक्कर के पास बुधवार को गिट्टी-बालू और सीमेंट ढोने वाले छोटे वाहन चालकों का गुस्सा एक बार फिर सड़कों पर फूट पड़ा। चालकों ने सड़क पर उतरकर जोरदार प्रदर्शन किया। अचानक हुए इस प्रदर्शन से इलाके में अफरातफरी मच गई और घंटों जाम की स्थिति बनी रही।
पुलिस पर गंभीर आरोप, पैसों की मांग का दावा
प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें बिना किसी ठोस कारण के पकड़ा जाता है और अपराधी की तरह व्यवहार किया जाता है। चालकों का कहना है कि पुलिसकर्मी पैसों की मांग करते हैं। एक चालक ने कहा, “हम मेहनत-मजदूरी करके घर चलाते हैं। लेकिन पुलिस की दबंगई से हमारा जीना मुश्किल हो गया है।”
पहले भी हुआ था प्रदर्शन, प्रशासन पर उदासीनता का आरोप
प्रदर्शनकारी चालकों ने याद दिलाया कि दो दिन पहले भी इसी मुद्दे को लेकर उन्होंने सड़क पर प्रदर्शन करते हुए अनिश्चितकालीन हड़ताल की घोषणा की थी। उनका आरोप है कि कई बार शिकायत के बावजूद जिला प्रशासन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। एक अन्य चालक ने कहा, “हमारी बात सुनने वाला कोई नहीं है। हम मजबूरन सड़क पर उतरने को बाध्य हैं।”
मजदूरों और कामगारों की भी बढ़ी मुश्किलें
प्रदर्शन में मज़दूर और कामगार भी शामिल हुए। उनका कहना है कि पुलिस कार्रवाई के डर से वाहन मालिक काम पर नहीं आ रहे, जिससे उनका रोज़गार प्रभावित हो रहा है। निर्माण सामग्री की सप्लाई ठप होने से कई निर्माण परियोजनाएं रुकने की कगार पर हैं।
प्रदर्शनकारियों की चेतावनी – हड़ताल और तेज़ होगी
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने शीघ्र हस्तक्षेप कर उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया, तो हड़ताल और भी व्यापक व उग्र रूप लेगी। उन्होंने कहा कि अगली बार आंदोलन जिलेभर में फैलाया जाएगा।
इधर, पुलिस और जिला प्रशासन की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी है। प्रदर्शन के कारण कुछ समय तक यातायात बुरी तरह प्रभावित रहा, हालांकि बाद में स्थिति सामान्य हो गई। स्थानीय लोग प्रशासन से शीघ्र समाधान की मांग कर रहे हैं ताकि क्षेत्र में शांति और व्यवस्था बनी रहे।

